INSIDE STORY: #Pakistan में मंदिरों की सुरक्षा के नाम सम्पत्ति पर कब्जे की साजिश, जानिए क्यों डरे हुए हैं हिंदू...

डॉ. संदीप कोहली, 

नई दिल्ली (21 अक्टूबर): पाकिस्तान एक बार फिर दुनिया की आंख में धूल झोंकने के लिए चाल चल रहा है। अपनी साफ छवि दिखाने के लिए सिंध के मंदिरों की सुरक्षा के नाम पर 40 करोड़ की परियोजना की घोषणा की है। पाकिस्तानी अखबार डॉन की रिपोर्ट के मुताबिक पाक सरकार पूजा स्थल और आसपास के रणनीतिक स्थानों पर वीडियो कैमरा लाएगी। इसके लिए 2 हजार से ज्यादा सुरक्षाबलों को तैनात किया जाएगा। लेकिन इसमें सच्चाई कितनी है हम आपको बताते हैं? हकिकत में यह सुरक्षा के नाम पर मंदिरों की जमीन पर कब्जा करने की कोशिश है। पाकिस्तान में बसे हिन्दुओं की 96 फीसदी आबादी सिंध प्रांत में रहती है। यहां 1,253 धार्मिक स्थानों में से 703 सिर्फ हिंदूओं के मंदिर हैं। जिसकी सम्पत्ति अरबों में है। पाक सरकार की इसी पर नजर है। 

पाकिस्तान की चाल... - मंदिरों को खत्म करने के लिए वहां की सरकार एक खास रणनीति पर काम करती है। - ऐतिहासिक प्राचीन मंदिरों को नुकसान नहीं पहुंचा जाता क्योंकि वह अंतर्राष्ट्रीय मुद्दा बन सकते हैं। - ऐसे में उन्हें जर्जर रहने के लिए छोड़ दिया जाता है, अपने आप दीवारें कमजोर हो कर ढहने लगती हैं। - दूसरी और हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों ने उन्हें पाकिस्तान से पलायन पर मजबूर कर दिया है। - यूरोपियन पार्लियामेंट इंटर ग्रुप ऑन फ्रीडम आफ रिलीजन और पाक मानवाधिकार आयोग की रिपोर्ट इसका खुलासा करती हैं। - ऐसे में जब मंदिर में पूजा करने वाले नहीं रहते तो वह उन्हें पाकिस्तान सरकार अपने अधिकार में ले लेती हैं। - राम पीर मंदिर कराची के सोल्जर बाजार में था, जिसे 2007 में बिल्डर्स द्वारा ढहा दिया गया था।

कटास राज मंदिर की जर्जर हालत... - हिंदुओं के पवित्र तीर्थ कटास राज मंदिर इसका सबसे बड़ा उद्हारण है। - पाक सरकार ने रख-रखाव के नाम पर 10 करोड़ रुपए खर्च करने की बात की। - बावजूद यहां की इमारतों में जगह-जगह पर दरारें दिखाई देती है। - खुद पाकिस्तान के मशहूर ऑर्किलोजिस्ट खुर्शीद हसन शेख का कहना है। - कटास राज में कराए गए विकास कार्य बहुत ही घटिया स्तर के हुए हैं। 

हिंगलाज देवी के मंदिर तक जाने के लिए सड़क तक नहीं...  - हिंगलाज भवानी देवी के 51 शक्तिपीठों में से एक है। - बलूचिस्तान में ल्यारी जिला के हिंगोल नदी के किनारे स्थित है। - बंटवारे से पहले यहां लाखों की तादात में श्रद्धालु आया करते थे। - लेकिन आज हालत यह है कि यहां पहुंचने के लिए सड़क तक नहीं है। - मंदिर विशाल पहाड़ के नीचे एक प्राचीन गुफा में स्थित है। - मंदिर आज भी सरकारी सहयोग का मोहताज है। - पाकिस्तान की किसी भी सरकार ने इसके लिए एक रूपया तक खर्च नहीं किया। - उल्टा हिंगोल नदी पर विशाल डैम बनाया जा रहा है जो मंदिर के लिए खतरा है। - कई हिंदू संगठन डैम का विरोध कर रहे हैं, डैम बनते ही मंदिर पानी में समा जाएगा।

हिंदूओं के धार्मिक स्थलों को चुन-चुन कर किया जा रहा है खत्म... - पाकिस्तान हिंदू काउंसिल के मुताबिक ऐसे 1400 से अधिक पवित्र स्थान हैं जहां उनकी पहुंच नहीं है। - हिंदुओं के धार्मिक स्थलों को समाप्त कर वहां दुकानें, होटल, गोदाम, पशु बाड़ों में बदला जा रहा है। - माइनॉरिटी राइट ग्रुप इंटरनेशनल के मुताबिक पाकिस्तान में तकरीबन 120 हिन्दू मंदिरों को गिराया गए। - आजादी के वक्त पाकिस्तान में कुल 428 बड़े मंदिर थे, जिनमें से अब सिर्फ 26 ही बचे हैं।

पाकिस्तान में हिंदू डरे हुए हैं... - पाकिस्तान में बसे हिन्दुओं में से लगभग 96 फीसदी सिंध और पंजाब प्रान्त में ही रहते हैं। - 1965 से लेकर अब तक तकरीबन सवा लाख पाकिस्तानी हिन्दू भारत की तरफ पलायन किया है। - पाकिस्तान मानव अधिकार आयोग के मुताबिक हर साल 1000 हिंदू पाकिस्तान से भाग कर भारत जा रहे हैं। - 1965 के युद्ध के दौरान 10 हजार हिंदूओं की आबादी अपनी संपत्ति छोड़कर भारत भागी। - 1971 के युद्ध के दौरान लगभग नब्बे हजार हिंदू राजस्थान के शिविरों में चले आए। - 1992 में बाबरी मस्जिद के विध्वंस के बाद पाकिस्तान में हिंदूओं का नरसंहार हुआ। - पांच साल के दौरान लगभग 17 हजार पाकिस्तानी हिंदू भारत भागने पर मजबूर हुए। - पाकिस्तान में गैर-मुस्लिमों के साथ दोयम दर्जे का व्यवहार हो रहा है। - हिंदू युवतियों और महिलाओं के साथ दुष्कर्म, अपहरण की घटनाएं आम हैं।  - पाकिस्तान के स्कूलों में हिंदू बच्चों को जबरन इस्लाम की शिक्षा दी जाती है।  - गैर-मुस्लिमों, खासकर हिंदुओं के साथ असहिष्णु व्यवहार किया जाता है।

पाक मानवाधिकार आयोग की रिपोर्ट करती है खुलासा... 2015- यूरोपियन पार्लियामेंट इंटर ग्रुप आन फ्रीडम आफ रिलीजन की सालाना रिपोर्ट में कहा गया 5,000 हिंदूओं को पाकिस्तान छोड़ने पर किया गया मजबूर। 2014- मूवमेंट फॉर पीस एंड सॉलिडेरिटी इन पाकिस्तान (एमएसपी) के अनुसार 700 ईसाई और 300 हिंदू लड़कियों का जबरन धर्म परिवर्तन कराया गया। 2012- पाकिस्तान के नेशनल कमिशन फॉर जस्टिस एंड पीस की वर्ष 2012 की रिपोर्ट के मुताबिक 74 प्रतिशत हिन्दू महिलाएं यौन शोषण का शिकार होती हैं। 2012- पाकिस्तान के मानवाधिकार आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक पाकिस्तान के सिंध प्रान्त में हर महीने 20 से 25 हिन्दू लड़कियों का अपहरण होता है। 2011- पाकिस्तान मानवाधिकार आयोग की रिपोर्ट के मुताबिक 12 से 14 साल की नाबालिग हिन्दू लड़कियों का जबरन धर्म परिवर्तन करवाया गया।

भारत में शरण लेने को मजबूर पाक के हिंदू... - केंद्र सरकार ने पिछले साढ़े 5 साल के दौरान उन 1810 पाकिस्तानी अल्पसंख्यकों की अर्जी मंजूर कर उन्हें भारतीय नागरिकता दी है। - सरकार ने वर्ष 2011 में 301, 2012 में 356, 2013 में 301, 2014 में 266 और 2015 में 263 पाकिस्तानी हिंदुओं को नागरिकता दी। - मौजूदा कैलेंडर वर्ष में 15 जून तक 323 पाकिस्तानी अल्पसंख्यकों के आवेदन स्वीकृत कर उन्हें भारतीय नागरिकता प्रदान की गयी है। - फिलहाल सरकार 2,062 पाकिस्तानी अल्पसंख्यकों की भारतीय नागरिकता की अर्जी पर विचार कर रही है।