शहीद रमाकांत के पार्थिव शरीर को शिवराज ने दिया कंधा, बोले- शहादत याद रखेंगे

भोपाल(1 नवंबर): सेंट्रल जेल से भागे सिमी के 8 आतंकियों को रोकते वक्त शहीद हुए कांस्टेबल रमाशंकर यादव का मंगलवार को राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। इस मौके पर सीएम शिवराज सिंह चौहान भी मौजूद थे। उन्होंने कहा कि देश उनकी शहादत को याद रखेगा। 

- रमाशंकर यादव की बेटी की जल्द ही शादी होने वाली थी। वह शादी की तैयारी में जुटे थे।

- शादी के लिए कई दिनों से खरीददारी भी कर रहे थे। शादी के कार्ड रिश्तेदारों, दोस्तों और जान-पहचान वालों को बांटे जा चुके थे।

- उन्होंने एक महीने की छुट्टी के लिए एप्लिकेशन भी दी थी। बेटी की शादी 9 दिसंबर को तय थी।

- बता दें कि हवलदार रमाशंकर यादव यूपी के बलिया के राजपुर के रहने वाले थे।

- उनके दो बेटे हैं। दोनों ही आर्मी में हैं। बड़े बेटे का नाम शंभुनाथ है और छोटे बेटे का नाम प्रभुनाथ है। उनकी पोस्टिंग असम में है।

- प्रभु ने आरोप लगाया है कि जेल में ड्यूटी पैसे लेकर लगाई जाती है। उनके पिता हार्ट के मरीज थे। फिर भी बार-बार उनकी ड्यूटी सिमी आतंकियों  के पास लगाई गई।