जाट आंदोलन: 20 लोगों की मौत, 34 हजार करोड़ का नुकसान

नई दिल्ली (23 फरवरी): जाट आरक्षण की आग सोमवार की शाम को बुझती दिखी। केंद्र सरकार और हरियाणा सरकार की ओर से आरक्षण दिए जाने का आशवासन पाने के बाद जाटों का रुख थोड़ा नरम दिखाई दे रहा है। हालांकि स्थिति अब भी पूरी तरह शांतिपूर्ण नहीं कही जा सकती। इस बीच, केंद्र ने सीएम और दो मिनिस्टर को दिल्ली तलब किया है। 

कितना हुआ नुकसान 9 दिन से चल रहे इस जाट आंदोलन में कुल 20 लोगों के मारे जाने की खबर है। यही नहीं इसके कारण अरबों रुपए का नुकसान हुआ है। अकेले नॉर्दर्न रेलवे को 200 करोड़ से ज्यादा का नुकसान हुआ है। वहीं कुल 34 हजार करोड़ का नुकसान की बात कही जा रही है।

मृतकों के परिवार को 10 लाख रुपए और एक सरकारी नौकरी  बीजेपी ने एलान किया है कि हरियाणा विधानसभा के अगले सेशन में जाट कम्युनिटी को रिजर्वेशन दिया जाएगा। इधर, मंत्री रामविलास शर्मा के मुताबिक, जो बेकसूर लोग मारे गए हैं, उनकी फैमिली को 10 लाख रुपए का मुआवजा दिया जाएगा। परिवार के एक मेंबर को सरकारी नौकरी भी दी जाएगी।

आज दिल्ली में आएगा पानी आंदोलनकारियों मुनक नहर को बंद कर दिल्ली के पानी सप्लाई को ठप कर दिया था। इसके बाद सोमवार सुबह आर्मी ने इस नहर को खुलवा दिया। आज दिल्ली के सभी इलाकों में पानी के पहुंचने की बात कही जा रही है।