कुलभूषण जाधव का केस लड़ने वाले वकील हरीश साल्वे बोले, फैसले से राहत मिली

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (18 जुलाई): कुलभूषण जाधव केस में भारत के प्रमुख वकील हरीश साल्वे ने बुधवार को कहा कि वह इंटरनैशनल कोर्ट ऑफ जस्टिस (ICJ) के फैसले से बहुत खुश हैं। उन्होंने कहा कि फैसले ने जाधव की फांसी पर रोक लगाई है और उनके लिए न्याय सुनिश्चित किया है। लंदन में भारतीय उच्चायोग में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए साल्वे ने कहा कि फैसले में कहा गया है कि जाधव की 'सजा की कारगर समीक्षा और उस पर पुनर्विचार' हो, जिसका मतलब है कि उन्हें कंसुलर ऐक्सेस मिलेगी क्योंकि पाकिस्तान ने वियना कन्वेंशन का उल्लंघन किया था।

साल्वे ने कहा, 'एक वकील के तौर पर मैं बेहद संतुष्ट हूं। इस फैसले से मुझे राहत मिली है....कोर्ट ने कहा कि फांसी का कोई सवाल ही नहीं है...इसलिए मैं बहुत खुश हूं।' बता दें कि ICJ ने बुधवार को अपने आदेश में कहा कि पाकिस्तान को जाधव को दोषी ठहराए जाने और फांसी की सजा की 'समीक्षा' करनी होगी और उस पर 'पुनर्विचार' करना होगा। भारत के लिए यह बड़ी जीत है। 49 साल के कुलभूषण जाधव इंडियन नेवी के रिटायर्ड ऑफिसर हैं। पाकिस्तान की एक सैन्य अदालत ने बंद कमरे में चली सुनवाई के बाद अप्रैल 2017 में जाधव को 'जासूसी और आतंकवाद' के आरोप में फांसी की सजा सुनाई थी। उनकी सजा पर भारत ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की थी।

ICJ के अध्यक्ष जज अब्दुलकवी अहमद यूसुफ की अगुआई वाली 16 सदस्यीय बेंच ने 15-1 के बहुमत से पाकिस्तान को जाधव को सुनाई गई सजा की समीक्षा का आदेश दिया। साल्वे ने कहा कि भारत का अगला कदम यह सुनिश्चित करने का होगा कि जाधव पाकिस्तान के संविधान के मुताबिक निष्पक्ष मुकदमे का सामना करें और उन्हें इंसाफ मिले। उन्होंने कहा कि ICJ ने अपने फैसले में कहा है कि पाकिस्तान ने जाधव को हिरासत में लिए जाने और उन्हें गिरफ्तार किए जाने की 3 महीने तक जानकारी न देकर वियन कन्वेंशन का उल्लंघन किया है। साल्वे ने ICJ के फैसले को 'रूल ऑफ लॉ' की जीत बताया है।