पेंशन योजनाओं में बड़े बदलाव की तैयारी में केंद्र, फिलहाल GST से कमाई पर नजर

नई दिल्ली (6 सितंबर): जीएसटी लागू होने के बाद कमाई बढ़ोतरी की संभावनाओं के बीच सरकार पेंशन योजना में बड़े बदलाव की तैयारी है। सरकारी सूत्रों से मिल रही जानकारी के मुताबिक देश भर में करोड़ों विधवाओं, दिव्यांगों और सिनियर सिटीजन को मिलने वाली पेंशन राशि में इजाफा हो सकता है। फिलहाल इसके लिए केंद्र सरकार की नजर जल्द आने वाले जीएसटी की कमाई के आंकड़ों पर है। 

सूत्रों से मिल रही जानकारी के मुताबिक पेशन स्कीम के लिए केंद्र ने एक खाका तैयार किया है उससे केंद्रीय बजट पर 12 हजार करोड़ का अतिरिक्त भार पड़ेगा। अभी बजट में इनके लिए 9500 करोड़ रुपये का प्रावधान है। अगर सरकार अपनी तरफ से पेंशन योजनाओं की राशि में बढ़ोतरी करती है तो उसको 22 हजार करोड़ रुपये अतिरिक्त फंड की जरुरत पड़ेगी। 

फिलहाल वृद्धावस्था पेंशन स्कीम में हर महीने सीनियर सिटीजन को 200 रुपये पेंशन मिलती है। इसको 500 रुपये मासिक किया जाने का प्लान है। 500 रुपये में 300 रुपये केंद्र देगा, जबकि 200 रुपये राज्य सरकार के हिस्से में जाएगा। साथ ही सरकार ऐसी विधावओं को भी पेंशन देने की योजना बना रही है जिनकी उम्र 18 से 39 साल के बीच है। अगर ये महिलाएं दुबारा से शादी करने की सोचती हैं, तो उनको दूसरी शादी करने के लिए भी आर्थिक मदद दी जाएगी। फिलहाल 40 साल से ऊपर की महिलाओं को ही विधवा पेंशन का लाभ मिलता है।  

वहीं दिव्यांगों को 40 फीसदी विकलांगता पर भी पेंशन मिलेगी। अभी इसके लिए 80 फीसदी दिव्यांग होना जरूरी है। इसकी पेंशन राशि को भी 300 रुपये से बढ़ाकर के 500 रुपये प्रति महीना करने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। जीएसटी के तिमाही आंकड़े आने के बाद ही इन सभी पर सरकार फैसला लेगी।