GST का कस्टमर्स को नहीं दिया फायदा तो बिल्डर पर होगी कार्रवाई- सरकार

नई दिल्ली (18 जून): बहुप्रतिक्षित कर व्यवस्था GST एक जुलाई से देशभर में लागू हो जाएगा। GST लागू होने पर अंडर-कंस्ट्रक्शन फ्लैट और कॉम्प्लेक्स बनाने का खर्च कम होगा। बिल्डर इसका फायदा कस्टमर्स को दे सकेंगे। अगर कोई बिल्डर ऐसा नहीं करता तो इसे मुनाफाखोरी माना जाएगा। उस पर कार्रवाई होगी। दरअसल सेंट्रल बोर्ड ऑफ एक्साइज एंड कस्टम्स और राज्यों को कई दिनों से शिकायतें मिल रही थीं कि बिल्डर्स और प्रॉपर्टी डीलर्स उन लोगों से 1 जुलाई के पहले पूरा पेमेंट करने को कह रहे थे जिन्होंनें फ्लैट बुक कराए हुए हैं। उन्हें कहा जा रहा है कि ऐसा न करने पर उन्हें 1 जुलाई से GST आने के बाद ज्यादा ऊंचे टैक्स का सामना करना पड़ेगा।

आपको बता दें कि GST के तहत अंडर कंस्ट्रक्शन फ्लैट्स, कॉम्पलेक्स वगैरह पर 12 फीसदी की दर से टैक्स प्रस्तावित है। सीबीईसी ने साफ कर दिया है कि ये पूरी तरह नियमों के खिलाफ है। GST के लागू हो जाने के बाद केवल एक टैक्स लगेगा और हाउसिंग सेक्टर में फिलहाल लग रहे अन्य टैक्स जैसे कि वैट, सर्विस टैक्स, सेंट्रल और स्टेट टैक्स नहीं लगेंगे। GST काउंसिल ने लोगों को राहत देते हुए ये फैसला लिया है कि 1 जुलाई से GST लागू होने से घर खरीदना सस्ता और आसान हो जाएगा। रियल इस्टेट एक्सपर्ट्स के मुताबिक लोगों को इसका मुनफा तब ही मिला सकेगा जब बिल्डर्स इसे बायर्स को देंगे. यदि बिल्डर्स इसका मुनाफा बायर्स को नहीं देते हैं तो फिर इस टैक्स दर का कोई मुनाफा बायर्स को नहीं मिलेगा.