1.14 लाख खातों में जमा हुए 80 लाख के पुराने नोट, होगी कड़ी कार्रवाई

नई दिल्ली ( 30 दिसंबर ): प्रधानमंत्री नरेंद मोदी ने 8 नवंबर की आधी रात से 500 रुपये व 1000 रुपये के पुराने नोट को चलन से बाहर कर दिया। इस दौरान जिनके बैंक खाते में 500 रुपये व 1000 रुपये के पुराने नोट जमा कर कालाधन खपाया गया है, उनके लिए नए साल में बुरे दिनों की शुरुआत हो सकती है।

मोदी सरकार के निशाने पर ऐसे लोग हैं जो पुराने नोट के रूप में कालाधन अपने खातों में जमा कर 'लखपति' और 'करोड़पति' बने हैं। आयकर विभाग ने ऐसे 51,000 बैंक खातों की पहचान कर ली है जिनमें से प्रत्येक खाते में आठ नवंबर के बाद एक करोड़ रुपये से अधिक के पुराने नोट जमा हुए हैं। विभाग ने 1.14 लाख ऐसे बैंक खातों का भी पता लगाया है जिनमें 10 नवंबर से 17 दिसंबर के बीच प्रत्येक खाते में 80 लाख रुपये से अधिक के पुराने नोट जमा किए गए।

आयकर विभाग ने ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है और अब तक पांच हजार से अधिक लोगों को नोटिस भेजे जा चुके हैं। सरकारी सूत्रों का मानना है कि नोटबंदी के बाद बैंकों में जितनी राशि पुराने नोट में जमा हुई है उसमें से लगभग चार लाख करोड़ रुपये अघोषित आय होने का अनुमान है, इसलिए आयकर विभाग और प्रवर्तन निदेशालय सहित सभी जांच एजेंसियां कालेधन को सफेद करने वालों को पकड़ने में जुट गयी हैं। ईडी ऐसे मामलों में अब तक 18 लोगों को गिरफ्तार भी कर चुका है।

वित्त मंत्रालय के एक शीर्ष अधिकारी के मुताबिक आयकर विभाग जमा हो रहे पुराने नोट की रिपोर्ट हर दिन बैंकों से ले रहा है। इन रिपोर्ट के विश्लेषण से 51,000 बैंक खाते पकड़े गए हैं जिनमें से प्रत्येक में एक-एक करोड़ रुपये पुराने नोट के रूप में जमा हुए। इस तरह के खातों में कुल 2.13 लाख करोड़ रुपये जमा हुए हैं।

अधिकारी ने कहा कि 10 नवंबर से 17 दिसंबर के दौरान बैंकों में पुराने नोट के रूप में जितने भी खातों में राशि जमा हुई उसमें से 1,14,000 खाते ऐसे थे जिनमें प्रत्येक में 80 लाख रुपये से अधिक पुराने नोट के रूप में जमा हुए। ऐसे खातों में कुल मिलाकर 3.93 लाख करोड़ रुपये जमा हुए हैं।

आयकर विभाग की जांच में यह भी पता चला है कि नोटबंदी के बाद लोगों ने बंद पड़े खातों में भी भारी भरकम राशि पुराने नोट के रूप में जमा की। विभाग ने ऐसे 1.23 लाख बैंक खाते पकड़े हैं जिनमें दो लाख रुपये से अधिक के पुराने नोट जमा हुए। दो साल से बंद पड़े ऐसे खातों में 15,398 करोड़ रुपये जमा हुए हैं। बताया जाता है कि इन खातों में औसतन 12.5 लाख रुपये जमा हुए। अगर बंद पड़े खातों में 40,000 रुपये से 2 लाख रुपये के बीच जमा हुई राशि को देखें तो 8 नवंबर से 30 नवंबर के दौरान ऐसे 13.16 लाख खाते मिले जिनमें 10,354 करोड़ रुपये जमा किए हुए हैं।