दलितों के लिए सुप्रीम कोर्ट जाएगी सरकार, प्रमोशन में SC/ST कोटा- रामविलास पासवान

नई दिल्ली (17 अप्रैल): केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान ने मंगलवार को  गरीब सवर्णों के लिए भी 15 फीसदी आरक्षण देने की मांग की है उन्होंने प्रोन्नति में भी आरक्षण दिये जाने की मांग की है। उन्होंने संवाददाताओं से यह बताया है कि सरकार सुप्रीम कोर्ट का रूख करेगी और उनके आदेश पर दोबारा अपील करेगी। जिसके चलते इन समुदायों के प्रमोशन में रिजर्वेशन रूका हुआ है।

इन समुदायों के मुद्दों को देखने के लिए बनाए गए मंत्रियों के समूह (ग्रुप ऑफ मिनिस्टर्स) के सदस्य पासवान ने कहा कि सरकार के सामने अध्यादेश लाने का भी विकल्प है। लेकिन सबसे पहले सुप्रीम कोर्ट का इस मामले पर रुख किया जाएगा। राम विलास पासवान की तरफ से यह घोषणा ऐसे वक्त पर की गई है जब सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के दो आदेशों के खिलाफ याचिका लगाने का फैसला किया। इसमें सरकार ने इस बात पर बहस की कि यह दलितों के हितों के खिलाफ होगा।

उच्च न्यायालय में आरक्षण की मांग करते हुए पासवान ने कहा कि जजों की बहाली का वर्तमान तरीका ठीक नहीं है और इसके लिए इंडियन जुडिशियल सर्विस का गठन होना चाहिए। साल 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले दलितों को लेकर राजनीति गर्म होती जा रही है और हर पार्टी खुद को दलितों का सबसे बड़ा मसीहा साबित करने में लगी हुई है। विपक्ष लगातार सरकार पर दलित विरोधी होने का आरोप लगा रहा है और कह रहा है कि यह सरकार आरक्षण खत्म करने में लगी है।