मोदी सरकार की इस योजना से 3 साल में 15 लाख लोगों को मिलेगा रोजगार

नई दिल्ली ( 28 फरवरी ): प्रधानमंत्री श्री नरेन्‍द्र मोदी की अध्‍यक्षता में मंत्रिमंडल की आर्थिक मामलों की समिति ने प्रधानमंत्री के रोजगार सृजन कार्यक्रम (पीएमईजीपी) को 5,500 करोड़ रुपए के आवंटन के साथ 12वीं योजना से आगे तीन वर्षों के लिए 2017-18 से 2019-20 तक जारी रखने को मंजूरी दे दी है। इस योजना से तीन वित्तीय वर्षों में 15 लाख लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे।

खादी तथा ग्रामोद्योग आयोग (केवीआईसी) राष्‍ट्रीय स्‍तर पर नोडल क्रियान्‍वयन एजेंसी है। राज्‍य/जिला-स्‍तर पर, केवीआईसी के राज्‍य कार्यालय, खादी और ग्रामोद्योग बोर्ड (केवीआईबी) तथा जिला उद्योग केन्‍द्र (डीआईसी) क्रियान्‍वयन एजेंसी होंगे। पीएमईजीपी–ईपोर्टल पर आवेदन आमंत्रित किए जाते हैं। निम्‍नलिखित तथ्‍यों को ध्‍यान में रखते हुए लक्ष्‍य तय किए गए हैं। 

आपका बता दें कि बेरोजगारों को स्वयं का रोजगार शुरू करने के लिए केंद्र सरकार की ओर से चल रही प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत मोमबत्ती बनाना, फर्नीचर वर्कशॉप, टेंट हाउस, डेंटल लैब, बारबर की दुकान खोलने के लिए सरकार ऋण दे रही है। जिस योजना के अंतर्गत कोई भी व्यक्ति सरकार से ऋण लेकर अपने लिए रोजगार के साधन खोल सकता है।

प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत ऋण लेने के लिए जारी की गई वेबसाइट WWW.kvic.gov.in  पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं और औद्योगिक कार्यों के लिए 25 लाख रुपये तथा सेवा क्षेत्र के कार्यों के लिए  10 लाख  तक का ऋण ले सकते हैं।