गरीबों के आने वाले हैं अच्छे दिन, न्यूनतम वेतन दोगुना कर सकती है सरकार

नई दिल्ली(4 अगस्त): सरकार ने न्यूनतम वेतन के फाॅर्मूला तय करने के लिए एक समिति का गठन किया है। यह समिति राष्ट्रीय स्तर पर न्यूनतम वेतन करीब 18,000 रुपये के आसपास तय करने के फाॅर्मूले पर नये सिरे से विचार करेगी। 

- सरकार की आेर से जारी बयान के अनुसार, समिति न्यूनतम जीवनस्तर की लागत तथा औसत परिवार के आकार को ध्यान में रखकर इस फार्मूला पर विचार करेगी। 

- श्रम मंत्री बंडारु दत्तात्रेय की अध्यक्षता में गुरुवार को यहां न्यूनतम वेतन कानून के तहत केंद्रीय सलाहकार बोर्ड की बैठक का आयोजन किया गया। बोर्ड में केंद्र सरकार द्वारा नामांकित व्यक्ति, उद्योग के अंशधारक और ट्रेड यूनियनों के प्रतिनिधियों को शामिल किया गया है। 

- बैठक के बाद दत्तात्रेय ने कहा कि सभी बातों पर विचार करने के बाद हमने समिति गठित करने का फैसला किया है, जो न्यूनतम वेतन तय करने के फार्मूला पर विचार करेगी।

- न्यूनतम वेतन को लेकर सरकार के प्रस्ताव में इकाइयों अथवा बच्चों समेत तीन आैर छह सदस्यीय परिवार वाली इकाइयों को दोगुना करने पर विचार करने की उम्मीद की गयी है। 

- इसमें प्रत्येक बच्चों को एक इकार्इ के तौर पर विचार करने की भी बात कही गयी है।  फिलहाल, न्यूनतम वेतन कानून 1948 के अनुसार, कृषि आैर गैर-कृषि क्षेत्र के कामगारों के लिए एक परिवार में पति-पत्नी आैर दो बच्चों को मिलाकर तीन इकार्इ माना गया है। इस कानून के अनुसार, पूरे देश के कृषि आैर गैर-कृषि क्षेत्र आैर करीब 47 क्षेत्र में यह नियम लागू है।