इस तरीके से बैंक में डाले कितना भी पैसा, कोई नहीं पूछेगा

नई दिल्ली (19 दिसंबर): नोटबंदी का 41वें दिन पुराने नोट बदलने को लेकर नई गाइडलाइन जारी की है। इसमें बैंक में पुराने नोटों को जमा करने पर कुछ नई शर्तें लगाई गई हैं, जिसके बाद लोगों को बैंक में पुराने नोट जमा कराने पर दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा। हालांकि सरकार ने काले धन के कुबेरों को इसमें एक बार फिर राहत देते हुए कहा कि आप गरीब कल्याण योजना में कितना भी पैसा डाल सकते हैं, आपसे कोई इस बारे में पूछताछ नहीं करेगा।

नई अधिसूचना की पाबंदियां उन लोगों पर लागू नहीं होगी जो प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के नाम से काला धन घोषित करने की नई स्कीम के तहत ब्लैकमनी घोषित करेंगे। 17 दिसंबर से सरकार ने इस स्कीम को लागू किया है, जिसके तहत काले धन का खुलासा करने वाले लोग 50 फीसदी जुर्माना/टैक्स भरकर अपनी ब्लैकमनी को सफेद कर पाएंगे। ऐसे लोगों को अपनी ब्लैकमनी का 25 फीसदी हिस्सा ग्रामीण कल्याण योजना के अकाउंट में 4 साल तक जमा रखना पड़ेगा, जिसपर सरकार कोई ब्याज नहीं देगी।

नई अधिसूचना का मकसद क्या है ?

पहला मकसद:

- सरकार 'प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना' के तहत जमा होने वाली रकम को ज्यादा से ज्यादा बढ़ाना चाहती है।

- सूत्रों के मुताबिक सरकार ने इस योजना के तहत 2 लाख करोड़ रुपए तक का कालाधन घोषित करवाने का लक्ष्य तय किया है।

- सरकार चाहती है कि 31 मार्च तक इस स्कीम के तहत 2 लाख करोड़ तक जमा हो जाएं।

- 50 फीसदी जुर्माने और टैक्स के रूप में सरकारी खजाने में सीधे 1 लाख करोड़ रुपए पहुंच जाएं और 50 हजार करोड़ रुपए चार साल के लिए बैंक में लॉक हो जाएं।

आम तौर पर दूसरी योजनाओं के तहत घोषित ब्लैकमनी से टैक्स और जुर्माने की रकम खाते में आने में दो साल तक लगते हैं, लेकिन प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत ये तुरंत खजाने में जमा हो सकते हैं।

दूसरा मकसद:

- बैंकों में जमा हो रहे बेहिसाब पैसे को रोकना। जिससे कालेधन के सफेद होने का खतरा कम किया जा सके।

- सरकार को इस बात की आशंका सता रही है कि 30 दिसंबर तक बैंकों में पुराने नोट जमा कराने की रफ्तार यही रही तो फिर बैंकों में अनुमान से कई लाख करोड़ ज्यादा की रकम जमा हो सकती है।

- माना जा रहा है कि नोटबंदी के बाद अब तक 14 लाख करोड़ रुपए के पुराने नोट जमा हो चुके हैं।

- आरबीआई ने खुद 10 दिसंबर तक 12 लाख 44 हजार करोड़ रुपए को पुराने नोट जमा होने की बात कही है। इससे नोटबंदी के मुद्दे पर सरकार को नाकाम करार दिया जा सकता है।

सरकार ने जारी की यह नई गाइंडलाइंस:

- 30 दिसंबर तक अपने अकाउंट में 5 हज़ार से ज्यादा के पुराने नोट सिर्फ एक बार में ही जमा करा सकता है।

- अब अगर आप अपने खाते में 5 हजार से ज्यादा के पुराने नोट जमा कराने बैंक पहुंचेंगे तो आपसे बैंक के दो अधिकारियों की मौजूदगी में पूछताछ होगी।

- आपसे पूछा जाएगा कि कि ये नोट आपने पहले क्यों नहीं जमा कराए ?

- संतोषजनक जवाब देने पर ही आपके खाते में 5 हजार से ज्यादा के पुराने नोटों को जमा किया जाएगा।

- आपकी सफाई को बैंक अपने रिकॉर्ड में रखेगा ताकि जरूरत पड़ने पर ऑडिट के दौरान इसकी जांच हो सके।

- 5 हजार से कम के पुराने नोट जमा कराने को लेकर भी कुछ पाबंदियों का सामना करना पड़ेगा।

- अब अगर आप 30 दिसंबर तक एक दिन से ज्यादा बार बैंक में पुराने नोट जमा कराना चाहें तो भी कुल 5 हजार रुपए से ज्यादा जमा नहीं करा सकते।

- मान लीजिए कि आपने एक दिन 3 हजार रुपए जमा कराए। इसके बाद अगर आप 30 दिसंबर से पहले किसी और दिन 3 हजार रुपए और जमा कराने जाते हैं तो फिर आपको पूछताछ का सामाना करना पड़ेगा।

- ऐसा इसलिए क्योंकि दोनों बार में आपकी तरफ से जमा कराई जानेवाली रकम 6 हजार रुपए से ज्यादा की होगी।