सिनेमाघरों की कतारों में खड़े हो सकते हैं लोग, राष्ट्रगान के लिए क्यों नहीं: अनुपम खेर

नई दिल्ली(30 अक्टूबर): बॉलीवुड एक्टर अनुपम खेर ने सिनेमाघरों में फिल्म शुरु होने से पहले राष्ट्रगान बजाने को लेकर जारी बहस पर बयान दिया है। खेर ने कहा कि यदि लोग रेस्तरां में इंतजार कर सकते हैं, सिनेमाघरों में टिकट के लिए लंबी कतारों में खड़े हो सकते हैं, या पार्टी के आयोजन स्थलों पर खड़े हो सकते है, तो फिर वे सिनेमाघरों में राष्ट्रगान के लिए महज 52 सेकंड तक खड़े क्यों नहीं हो सकते। 

- एक कार्यक्रम में खेर ने अपने भाषण के दौरान, सिनेमाघरों के अंदर राष्ट्रगान को अनिवार्य रूप से बजाये जाने के विचार का विरोध करने वालों की जमकर आलोचना की।

- अभिनेता ने कहा, 'कुछ लोगों का मानना है कि राष्ट्रगान के समय खड़े होना अनिवार्य नहीं होना चाहिए, लेकिन मेरे लिए राष्ट्रगान के लिए खड़े होना उस व्यक्ति की परवरिश को दिखाता है।' खेर ने बताया कि हम जिस तरह से अपने पिता या शिक्षक के सम्मान में खड़े होते हैं, ठीक उसी तरह राष्ट्रगान के लिए खड़ा होना अपने देश के प्रति सम्मान को दर्शाता है।