ब्रेक्ज़िट के बाद स्कॉटलैण्ड में आजा़दी की मांग ने जोर पकड़ा

नई दिल्ली (26 जून): यूरोपियन यूनियन से अलग होने का फैसला ब्रिटेन के लिए सबसे भारी और जोखिम भरा साबित होने जा रहा है। 'संडे पोस्ट'की एक रिपोर्ट के मुताबिक स्कॉटलैण्ड में एक बार फिर से आजादी के लिए रैफरेंडम की मांग जोर पकड़ने लगी है। कहा जा रहा है कि स्कॉटलैण्ड के लोगों की मूल भावना शेष ब्रिटेन के लोगों की भावनाओँ से मेल नहीं खा रही हैं।

दिन-ब-दिन अंतर बढ़ता जा रहा है। स्कॉलैण्ड के फर्स्ट मिनिस्टर निकोला स्टर्जियोन ने भी कहा है कि अब नया इंडिपेंडेंस रैफरेंडम संभव है। क्यों कि यूरोपियन यूनियन से अलग होने के मुद्दे पर 62फीसदी पक्ष में नहीं थे। शेष ब्रिटेन का जनमत ब्रेक्ज़िट में ज्यादा था। इसी के बाद से स्कॉटिश लोग फिर से ब्रिटेन से अलग होने के लिए मुखर होने लगे हैं।