नाम बदलने को तैयार नही हुई तो नौकरी से छुट्टी

नई दिल्ली (15 अप्रैल) :  शेक्सपीयर ने कहा था कि नाम में क्या रखा है। लेकिन फ्रांस की एक महिला से पूछो तो नाम में ही सब कुछ रखा है। इस महिला को सिर्फ इसलिए नौकरी से निकाल दिया गया क्योंकि उसने अपना नाम बदलने से इनकार किया था। फ्रांस के टॉलोउस में मेरियन नाम की महिला को नाम बदलने के लिए कहा गया क्योंकि इसी नाम की एक और महिला पहले ही कंपनी में काम करती थी। इस महिला से अपना नाम बदल कर मेरी करने के लिए कहा गया।

27 वर्षीय मेरियन ने कहा कि वो मेरा नाम बदलकर मेरी करना चाहते थे जिससे कि कंपनी के ग्राहक भ्रमित ना हो क्योकि पहले से ही एक मेरियन कंपनी में काम करती है।

एक स्थानीय समाचारपत्र 'ला डिपेचे दू मिदी'  की रिपोर्ट के मुताबिक मेरियन ने बताया कि उन्हें ईमेल के ज़रिए नाम बदलने के लिए कहा गया। मेरियन को जब इंटरव्यू के लिए बुलाया गया तो उनसे कहा गया कि या तो आप अपना दूसरा नाम रख लो या अपना कॉन्ट्रेक्ट रद्द समझो। मेरियन ने कहा कि वो अपना नाम नहीं छोड़ना चाहती थी, इसलिए उसे ज़बरन कंपनी छोड़ने को मजबूर होना पड़ा।  

रिपोर्ट में कंपनी की पहचान नहीं खोली गई है। मेरियन ने कंपनी ने पहले तीन हफ्ते तक अस्थायी नौकरी की। फिर उन्हें ट्रेनी कॉमर्शियल असिस्टेंट के पद पर प्रमोट कर दिया गया।

कंपनी के हेड ने कहा, 'इस मामले में कुछ गलत नहीं हुआ। नाम बदलना और उपनाम रखना कॉमर्शियल सेक्टर में एक सामान्य प्रक्रिया है। हमारी छोटी कंपनी है और उसमें दो मेरियन का काम करना ग्राहकों में भ्रम पैदा कर रहा था। इसलिए दोनों के नामों में भेद होना ज़रूरी था।'