खुल गई 251 रुपये में फोन देने वाली इस कंपनी की पोल

नई दिल्ली (7 जुलाई): फ्रीडम 251 वही फोन जिसे दुनिया का सबसे सस्ता फोन बताया जा रहा था। इस फोन को बनाने वाली कंपनी ने दावा किया है कि कल से वो अपने रजिस्टर्ड ग्राहकों को दो सौ इक्यावन रुपये में एंड्रोइड फोन डिलीवर करेगी, लेकिन कंपनी के इस दावे ने भी नए सवाल खड़े कर दिये हैं।

कंपनी के वादे पर यकीन करें तो कल से उसके रजिस्टर्ड ग्राहकों को दुनिया का सबसे सस्ता एंड्रोइड स्मार्ट फोन मिलना शुरू हो जाएगा, लेकिन इस फोन को बनाने वाली कंपनी रिंगिंग बैल्स प्राइवेट लिमिटेड ने इस सस्ते फोन की डिलीवरी के बहाने केन्द्र सरकार से 50 हजार करोड़ रुपये की मांग की है। दुनिया का सबसे सस्ता फोन बनाने का दावा करने वाली कंपनी रिंगिंग बैल्स ने प्रेस कांफ्रेंस करके बताया कि 8 जुलाई यानी कल से उनकी कंपनी फ्रीडम 251 की डिलीवरी शुरू कर देगी। फोन के लिए डिलीवरी पर 251 रुपये कीमत के अलावा 40 रुपये डिलीवरी चार्ज चुकाने होंगे।

हालांकि इस फोन की डिलीवरी में एक बड़ा पेंच भी है। फोन खरीदने के लिए कुल साढ़े 7 करोड़ लोगों ने रजिस्ट्रेशन करवाया था, लेकिन रिंगिंग बैल कंपनी अभी लॉटरी निकालकर सिर्फ 5000 लोगों को ही 251 रुपये में फोन देगी। कंपनी का कहना है कि 2 लाख और ग्राहकों के लिए हरिद्वार में फ्रीडम 251 बनाया जा रहा है, लेकिन इससे ज्यादा लोगों को बिना सरकार की मदद के फोन नहीं मिल सकता।

रिंगिंग बेल्स के एमडी का कहना है कि वो सस्ते फोन के जरिए सरकार की मेक इन इंडिया मुहिम को आगे बढ़ा रहे हैं। इसलिए सरकार को उनकी कंपनी की मदद करनी चाहिए। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या सरकार से मोटी मदद लेने के लिए ही 251 रुपये के फोन की हवा उड़ाई गई थी।