नोटबंदी: पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने पीएम मोदी पर उठाए सवाल

नई दिल्ली(24 नवंबर):  नोटबंदी पर गतिरोध खत्म होता नजर नहीं आ रहा। संसद के दोनों सदनों में घमासान मचा हुआ है। गुरुवार को संसद शुरू होने के साथ ही हंगामा शुरू हो गया, जिसके बाद दोनों सदनों की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई। दोबारा कार्यवाही शुरू होने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राज्यसभा में मौजूद हैं।

इस दौरान पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा, मैं सरकार के रुख से पूरी तरह असहमत नहीं हूं. लेकिन नोटबंदी लागू करने में बदइंतजामी हुई। इसके चलते आम लोगों को परेशानी हुई। गरीबों के लिए 50 दिन भी पीड़ादायक. प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि 50 दिन दीजिए लेकिन गरीबों के लिए 50 दिन बहुत होते हैं।

- उन्होंने कहा कि कोई ऐसा देश नहीं है जहां लोगों को उनका जमा पैसा निकालने से रोका जा रहा हो।

- इससे पहले गुरुवार सुबह राज्यसभा में कार्यवाही शुरू होते ही सपा के नरेश अग्रवाल ने विपक्ष की यह शर्त रख दी कि सदन में प्रधानमंत्री के आने और पूरे समय रहने पर ही चर्चा शुरू हो पाएगी।

- इस दौरान कांग्रेस नेता गुलाम नबी आजाद ने कहा, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह नोटबंदी के मुद्दे पर बोलना चाहते हैं। उन्हें अपनी बात रखने दी जाए।

- इसका वित्त मंत्री अरुण जेटली ने पुरजोर विरोध किया। उन्होंने कहा कि पहले सदन में नोटबंदी पर चर्चा शुरू कराइए, उसमें जिसको जो कहना है कहे। यह नहीं हो सकता कि चर्चा रोक कर किसी को उस पर बोलने की विशेष अनुमति दी जाए।

- टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री कुछ कहना चाहते हैं तो उन्हें बोलने की इजाजत दी जाए।