पाकिस्तान में फतवा- 'ट्रांसजेंडर्स का शादी करना वैध'

इस्लामाबाद (27 जून) :  पाकिस्तान में 50 उलेमाओं ने फतवा जारी किया है कि किसी ट्रांसजेंडर (हिजड़े) के साथ होने वाली शादी क़ानूनी तौर पर वैध होगी।

डॉन ऑनलाइन की रिपोर्ट के मुताबिक रविवार को तंजीम इत्तेहाद-ए-उम्मत ने ये फतवा जारी किया। इसके मुताबिक कोई ट्रांसजेंडर जिसमे 'पुरुष होने के लक्षण दृष्टिगोचर हो' वो एक महिला या एक ट्रांसजेंडर ('जिसमें महिला के लक्षण दृष्टिगोचर' हो') के साथ शादी कर सकता है। इसके उलट भी हो सकता है। यानि कोई ट्रांसजेंडर जिसमे 'महिला होने के लक्षण दृष्टिगोचर हो', उसकी एक पुरुष या एक ट्रांसजेंडर ('जिसमें पुरुष के लक्षण दृष्टिगोचर' हो') के साथ शादी हो सकती है।

फतवे में ये भी कहा गया है कि वो ट्रांसजेंडर जिसमें दोनों लिंगों के लक्षण दिखाई देते हों, वो किसी से शादी नहीं कर सकता।

फतवे में ये भी कहा गया कि ट्रांसजेंडर लोगों को पैतृक संपत्ति से वंचित किया जाना अवैध है। जो मां-बाप ऐसा करते हैं वो खुदा के कहर को न्योता देते हैं। उलेमाओं ने सरकार से ऐसे अभिभावकों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए कहा है।

फतवे में ये भी कहा है कि ट्रांसजेंडर्स को लेकर सामाजिक उपेक्षा गलत है। फतवे में ये कहा गया कि ट्रांसजेंडर्स का अपमान करना या उन्हें सताना 'हराम' है।