VVPAT से होंगे 2019 के चुनाव: चुनाव आयोग


नई दिल्ली(12 मई): चुनाव आयोग द्वारा ईवीएम से छेड़छाड़ को लेकर बुलाई गई सर्वदलीय बैठक में आयोग ने एक बार फिर कहा कि इस मशीन के साथ छेड़छाड़ संभव नहीं है। इसके अलावा आयोग ने ईवीएम टेंपरिंग के आरोप लगाने वाले दलों को इसे टेंपर करने की चुनौती भी दी। साथ ही आयोग ने कहा है कि 2019 में चुनाव वीवीपेट के माध्यम से होंगे।


- शुक्रवार को आयोग की इस बैठक में सभी 7 राष्ट्रीय और 35/48 राज्य मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि भाग लिया। बैठक मुख्य चुनाव आयुक्त नसीम जैदी के उद्घाटन संबोधन के साथ बैठक शुरू हुई।


- केंद्रीय चुनाव आयोग ने सर्वदलीय बैठक में राजनीतिक दलों से कहा कि ईवीएम के साथ किसी भी तरह की छेड़छाड़ नहीं की जा सकती है। लेकिन जो राजनीति दल कह रहे हैं कि वे ईवीएम को टेंपर कर सकते हैं, उन्‍हें चुनाव आयोग ने चुनौती दी है कि वे ईवीएम को हैक करने दिखाएं। चुनाव आयोग ने ऐसे दलों को रविवार और सोमवार को बुलाया है।


- केंद्रीय चुनाव आयोग के अधिकारियों ने बैठक के दौरान प्रेजेंटेशन दी, जिसमें ईवीएम की सुरक्षा से जुड़ी बातों के बारे में बताया गया। दरअसल, कुछ राजनीति दलों का कहना है कि ईवीएम की बड़ी आसानी से टेंपरिंग की जा सकती है।


- सूत्रों की मानें तो चुनाव आयोग ने सरकार के वीवीपैट द्वारा चुनाव कराए जाने के कदम का स्‍वागत किया है। चुनाव आयोग का कहना है कि वीवीपैट के लिए सरकार से धन प्राप्त हो गया है और इसे 2019 तक कार्यान्वित कर दिया जाएगा।


- सर्वदलीय बैठक में विपक्ष दो मतों के बीच बंटा हुआ नजर आया। कुछ दल वोटर वेरिफायेबल पेपर ऑडिट ट्रेल (वीवीपैट) से चुनाव की मांग कर रहे हैं, तो कुछ बैलट पेपर को ही चुनाव का उपयुक्‍त जरिया बता रहे हैं। अभी तक ईवीएम में टेंपरिंग की बात कर रहे सौरभ भारद्वाज अब वीवीपैट से चुनाव कराने की बात कर रहे हैं। वहीं बीएसपी बैलेट पेपर से चुनाव कराने के पक्ष में है। इधर जेडीयू के केसी त्यागी ने कहा कि चुनाव आयोग विश्वास फिर से जगाए।