सबसे तेजी से ग्रोथ करने वाली इकोनॉमी बना रहेगा भारत- आर्थिक सर्वे

नई दिल्ली (31 जनवरी): संसद के बजट सत्र की शुरुआत हो गई है। राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के अभिभाषण के बाद वित्त मंत्री अरुण जेटली ने संसद में 2017-18 का  आर्थ‍िक सर्वेक्षण पेश किया।  इकोनॉ‍मिक सर्वे में जीडीपी ग्रोथ 6.75-7.5 फीसदी  रहने का अनुमान जताया गया है। इस वित्‍त वर्ष में भारत सबसे तेजी से ग्रोथ करने वाली इकोनॉमी बना रहेगा। हालांकि आशंका जताई गई है कि अगले वित्त वर्ष के ग्रोथ अनुमान पर नोटबंदी का असर हो सकता है।

आर्थिक सर्वे की बड़ी बातें...

- GDP ग्रोथ 6.75 से 7.5 फीसदी तक रहने का अनुमान

- मौजूदा साल में जीडीपी ग्रोथ रेट 7.1 फीसदी रही

मौजूदा वित्त वर्ष की पहली छमाही में चालू खते का घाटा 0.3 फीसदी तक सीमित हुआ 

 

मौजूद साल में औद्योगिक क्षेत्र की विकास दर महज 5.2 फीसदी रही  

मौजूदा साल में कृषि क्षेत्र की विकास दर बढ़कर 4.1 फीसदी तक पहुंच गई  

- अगले वित्त वर्ष के ग्रोथ अनुमान पर नोटबंदी का हो सकता है असर  

- उपभोक्ता महंगाई दर पिछले तीन साल से लगातार काबू में  

- एक केंद्रीकृत सार्वजनिक क्षेत्र एसेट रिहैबिलेशन एजेंसी बनाने का सुझाव  

- सिविल एविएशन, बैंकिंग, फर्टिलाइजर सेक्टर में और निजीकरण की जरूरत

- अपैरल और लेटर सेक्टर को प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए श्रम और कर नीतियों में सुधार की

- ग्लोबल ट्रेड में तनाव बढ़ने का भी ग्रोथ पर असर पड़ने की संभावना

- तेल की कीमतों में तेजी से वित्‍त वर्ष 2018 में ग्रोथ पर असर पड़ेगा

- नकदी की कमी से एग्रीकल्‍चर प्रोडक्‍शन की सप्‍लाई प्रभावित होगी