गृहमंत्रालय ने भूकंप पर मांगी रिपोर्ट, हाई अलर्ट पर NDRF

नई दिल्ली ( 6 फरवरी ): दिल्ली-एनसीआर और उत्तर भारत के कई राज्यों में रात 10.35 पर तेज भूकंम्प के झटके महसूस किए गए। वही उत्तराखंड सहित उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में भी भूकंप के झटके महसूस किए गए। उत्तराखंड से मिली खबरों के मुताबिक कुमाऊं और गढ़वाल मंडल में तेज झटके महसूस किए गए जिसके बाद लोग घरों से बाहर निकल आए। भूकंप के झटके लगभग लगभग 15 सेकेंड तक रहे। फिलहाल कहीं भी जानमाल के नुकसान की खबर नहीं है। भूकंप का केंद्र रहे रूद्रप्रयाग के लिए एनडीआरएफ की दो टीमें रवाना गईं हैं।वहीं पश्चिमी यूपी सहित पंजाब में झटके महसूस किए जाने की खबर है। अभी तक किसी भी जगह से जान-माल के नुकसान की कोई खबर नहीं मिली है। भूकंप पर गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने अपडेट मांगा है और गृह मंत्रालय ने एनडीआरएफ को अलर्ट पर रहने को कहा है।भूकंप की तीव्रता 5.8 बताई जा रही है। भूकंप का केंद्र उत्तराखंड के चमोली जिले में पीपलकोटी को बताया जा रहा है। भूकंप का केंद्र जमीन से 21 किलोमीटर नीचे था। पिथौरागढ़,अल्मोडा और देहरादून जिले के सभी हिस्सों में भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए।

ऐसे आता है भूकंप-भूकंप अक्सर भूगर्भीय दोषों और धरती या समुद्र के अंदर होने वाली विभिन्न रासायनिक क्रियाओं के कारण भूकंप आते हैं।-हमारी धरती चार परतों यानी इनर कोर, आउटर कोर, मैनटल और क्रस्ट से बनी हुई है।-50 किलोमीटर की यह मोटी परत विभिन्न वर्गों में बंटी हुई है, जिन्हें टैक्टोनिक प्लेट्स कहा जाता है।-ये टैक्टोनिक प्लेट्स अपनी जगह से हिलती रहती हैं, लेकिन जब ये बहुत ज़्यादा हिलती हैं और इस क्रम में एक प्लेट दूसरी के नीचे आ जाती है, तो भूकंप आता है।-50 से 100 किलोमीटर तक की मोटाई की ये परतें लगातार घूमती रहती हैं। इसके नीचे तरल पदार्थ लावा होता है और ये परतें इसी लावे पर तैरती रहती हैं और इनके टकराने से ऊर्जा निकलती है, जिसे भूकंप कहते हैं।