कॉल ड्राप से चिंतित दूरसंचार विभाग कंपनियों के साथ करेगा बैठक

नई दिल्ली ( 8 जनवरी ): कॉल ड्राप की स्थिति और खराब होने से दूरसंचार विभाग चिंतित है। इस मुद्दे पर दूरसंचार विभाग विचार-विमर्श के लिए 10 जनवरी को सेवा प्रदान करने वाली कंपनियों व नियामक ट्राई के साथ चर्चा करेगा। इसके साथ ही विभाग इस क्षेत्र में कार्यान्वित किए जा रहे नये सेवा गुणवत्ता नियमों पर भी विचार करेगा।

दूरसंचार सचिव अरूणा सुंदरराजन ने संवाददाताओं को यह जानकारी दी। उन्होंने कहा, ‘हम कॉल ड्राप की स्थिति को लेकर सरकार की चिंताओं से कंपनियों को अवगत कराना चाहते हैं। सेवा प्रदाताओं को मिलकर काम करना होगा।’ कॉल ड्राप का मतलब मोबाइल पर बात करते समय कॉल का अचानक ही बीच में कट जाने से है।

विभाग ने भारत नेट परियोजना के पहले चरण के पूरा होने पर कार्यान्वयन भागीदारों को यहां सम्मानित किया। दूरसंचार कंपनियों के सीईओ के साथ बैठक की अध्यक्षता दूरसंचार विभाग की सचिव करेंगी।

बैठक में कॉल ड्राप को लेकर नये कड़े नियमों पर भी चर्चा होने की उम्मीद है जो कि ट्राई ने पिछले साल अक्तूबर में लागू किये। उसी दिन दूरसंचार विभाग काल ड्राप के मुद्दे पर दूरसंचार नियामक ट्राई के साथ अलग से बैठक करेगा। इस बीच दूरसंचार आयोग की बैठक कल होगी जिसमें स्पेक्ट्रम सीमा बढाने सहित अनेक मुद्दों पर विचार किया जाना है।