अब चीन को उसी की भाषा में जवाब देगा भारत

नई दिल्ली (26 जुलाई): चीनी मीडिया के भड़काऊ बयानों के बाद डोकलाम मुद्दे पर दोनों देशों के बीच तनातनी जारी है। ऐसे में भारत भी इस मामले में पीछे हटने को तैयार नहीं है। सूत्रों के अनुसार, अगर चीन किसी भी तरीके से भूटान को धमकाने की कोशिश करता है तो भारत राजनीतिक या सैन्य तरीके से वाजिब प्रतिरोध की नीति अपनाएगा।

सूत्रों ने बताया कि भारत ने सिक्किम-भूटान-तिब्बत ट्राइजंक्शन पर सैन्य मौजूदगी मजबूत कर ली है। ये सैनिक किसी भी आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं। इसी के साथ भारतीय एजेंसियां इस इलाके में चीनी पीपल्स लिब्रेशन आर्मी की किसी भी तरह के बड़े मूवमेंट पर नजर रखे हुए है। सूत्र ने बताया, 'भारत भूटान की मदद के लिए तब आगे आया, जब चीनी सैन्य टुकड़ी भूटान के इलाके डोकलाम में घुस आई। चीनी सेना ने बंदूकों के दम पर भूटानी सैनिकों को पीछे धकेल दिया।'

यह कोई पहला मौका नहीं है जब चीन ने अपने पड़ोसी देशों के साथ सीमा को लेकर विवाद पैदा किया हो। इससे पहले ईस्ट चाइना सी में जापान और साउथ चाइना सी (SCS) क्षेत्र में बहुत से दक्षिण एशियाई देशों के साथ समुद्री सीमा को लेकर वह गलत दावे कर रहा है। जानकारों का कहना है कि सिक्किम के डोकलाम में जो हो रहा है, वह ईस्ट चाइना सी या साउथ चाइना सी में हो रही घटनाओं से अलग नहीं है। इससे चीन की अतिक्रमण करने की नीति का पता चलता है।