रियो से लौटीं दीपा कर्माकर, दिल्ली एयरपोर्ट पर हुआ गर्मजोशी से स्वागत

नई दिल्ली(20 अगस्त):  रियो ओलंपिक में चौथे स्थान पर रहने वाली भारतीय जिम्नास्ट दीपा करमाकर का आज स्वदेश पहुंचने पर भव्य स्वागत किया गया। उन्होंने वादा किया कि अगले ओलंपिक खेलों में वह जरूर पदक लेकर लौटेंगी। रियो ओलंपिक के व्यक्तिगत वाल्ट में दीपा चौथे स्थान पर रही थी जो किसी भी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारत की तरफ से सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है।

- त्रिपुरा की यह 23 वर्षीय खिलाड़ी 0.150 अंकों से ओलंपिक पदक से चूक गयी थी जबकि उन्होंने खतरनाक प्रोडुनोवा में अच्छा प्रदर्शन किया था। दीपा ने इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचने के बाद कहा, मैं सभी भारतीयों का आभार व्यक्त करती हूं जिन्होंने मेरे लिये दुआ की। मैं खुश हूं लेकिन यदि मैं देश के लिये पदक जीत लेती तो मुझे और खुशी होती क्योंकि मैं केवल 0.15 सेकेंड से पदक से चूक गयी। लेकिन जो कुछ हुआ अच्छे के लिये हुआ। उम्मीद है कि आगे बेहतर चीजें होंगे। स्वदेश में मेरे प्रदर्शन को लेकर जो उत्साह बना मैं उससे अनभिज्ञ थी। मुझे खेद है कि मैं पदक नहीं जीत पायी लेकिन अगली बार जरूर कोशिश करूंगी।

- दीपा ने अपने कोच बिश्वेश्वर नंदी का आभार व्यक्त किया जिन्हें प्रतिष्ठित द्रोणाचार्य पुरस्कार के लिये नामित किया गया है। उन्होंने कहा कि मैं अपने कोच की बहुत आभारी हूं। खेल रत्न पुरस्कार के लिये चुना जाना शानदार है लेकिन यदि पदक जीतने के बाद मुझे यह पुरस्कार मिलता तो बहुत अच्छा लगता। मेरे लिये सबसे महत्वपूर्ण यह है कि मेरे कोच बिश्वश्वर नंदी को द्रोणाचार्य पुरस्कर मिल रहा है। वह पिछले 16 साल से हमारे साथ है और मुझसे भी अधिक हकदार हैं।