भारत के ये क्रिकेट मैदान पहली बार करेंगे टेस्ट की मेजबानी

नई दिल्ली(10 जून): धर्मशाला और रांची समेत छह नए टेस्ट केंद्र भारतीय क्रिकेट टीम के सितंबर में न्यूजीलैंड सीरीज से शुरू होने वाले व्यस्त घरेलू सत्र के दौरान पहली बार पांच दिवसीय मैचों की मेजबानी करेंगे। भारतीय टीम का आगामी सत्र में काफी व्यस्त अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम है। जिसमें बीसीसीआई ने 13 टेस्ट, आठ एक दिवसीय अंतरराष्ट्रीय और तीन टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैच शामिल किए हैं।

बीसीसीआई सचिव अजय शिर्के ने एक बयान में कहा कि राजकोट, विजाग, पुणे, धर्मशाला, रांची और इंदौर को पिछले साल नवंबर में टेस्ट केंद्र के रूप में अपग्रेड किया गया, जो पहली बार पांच दिवसीय मैचों की मेजबानी करेंगे। बीसीसीआई ने आज यहां अपने दौरा कार्यक्रम समिति की बैठक के बाद घोषणा की कि नए केंद्र इस सत्र में दौरा करने वाली न्यूजीलैंड, इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के खिलाफ टेस्ट मैचों की मेजबानी भी करेंगे।घरेलू सत्र न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन टेस्ट मैचों और पांच एक दिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों के साथ शुरू होगा, जिसके बाद इंग्लैंड के खिलाफ पांच टेस्ट मैच, तीन वनडे और इतने ही टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले जाएंगे। ऑस्ट्रेलियाई टीम फरवरी-मार्च 2017 में भारत का दौरा करेगी, जिसमें टीम चार टेस्ट मैच खेलेगी। वहीं बांग्लादेश टेस्ट दर्जा हासिल करने के बाद पहली बार भारत में एकमात्र टेस्ट मैच खेलेगा।

न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन टेस्ट मैच इंदौर, कानपुर और कोलकाता में खेले जाएंगे जबकि धर्मशाला, दिल्ली, मोहाली, रांची और विजाग न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच एक दिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैचों की मेजबानी करेंगे। इंग्लैंड के खिलाफ पांच टेस्ट मैच मोहाली, राजकोट, मुंबई, विजाग और चेन्नई में जबकि वनडे मैच पुणे, कटक और कोलकाता में खेले जायेंगे। तीन टी-20 मैच बेंगलुरू, नागपुर और कानपुर में आयोजित होंगे। ऑस्ट्रेलियाई टीम चार टेस्ट मैच खेलने फरवरी 2017 में भारत का दौरा करेगी जो बेंगलुरू, धर्मशाला, रांची और पुणे में आयोजित होंगे। जबकि हैदराबाद बांग्लादेश के खिलाफ एकमात्र टेस्ट मैच का स्थल होगा।

शिर्के ने कहा कि इन सभी स्थलों को स्टेडियमों में सीटों की संख्या और बीसीसीआई के सभी दिशानिर्देश पूर्ण करने की शर्त पर ही मैच मिलेंगे। घरेलू क्रिकेट सत्र सितंबर में दलीप ट्रॉफी के साथ शुरू होगा, जो 2015-16 सत्र में आयोजित नहीं किया गया था। टूर्नामेंट पहली बार गुलाबी गेंद से दूधिया रोशनी में खेला जाएगा। ऐसा इसमें भाग लेने वाले भारतीय खिलाड़ियों की मदद के लिए किया जा रहा है, जिससे वे व्यस्त सत्र के दौरान घरेलू मैदान पर दूधिया रोशनी में गुलाबी रंग की गेंद से टेस्ट क्रिकेट खेलने से पहले इन हालातों में खेलने के आदी हो जाएंगे। इस सत्र में 918 मैच बोर्ड द्वारा आयोजित किए जाएंगे, जिसमें रणजी ट्रॉफी, दलीप ट्रॉफी, विजय हजारे ट्रॉफी, मुस्ताक अली ट्रॉफी, देवधर ट्रॉफी, ईरानी ट्रॉफी, महिला क्रिकेट और सभी अन्य उम्र ग्रुप के क्रिकेट मैच शामिल हैं।