विमान में कॉल करने और इंटरनेट का इस्तेमाल करने की मिल सकती है इजाजत

नई दिल्ली(18 फरवरी):अब विमान में भी कॉल करने और इंटरनेट इस्तेमाल करने की इजाजत मिल सकती है। डिपार्टमेंट ऑफ टेलिकम्युनिकेशन (DoT) ने इसको लेकर प्लान सिविल एविएशन मिनिस्ट्री में पेश कर दिया है। इसके तहत पैसेंजर्स एयरक्राफ्ट्स में वॉयस, वीडियो और डाटा सर्विसेज का इस्तेमाल कर सकेंगे।

- एक अंग्रेजी अखबार की खबर के मुताबिक एक अफसर ने बताया, "डीओटी ने प्लेन में कनेक्टिविटी को लेकर एक महीने पहले इंडियन टेलिग्राफ रूल्स और इंडियन टेलिग्राफ एक्ट में बदलाव के लिए एक ड्राफ्ट प्लान सेक्रेटरीज की एक कमेटी को भेजा था।"

- "इसको लेकर गृह मंत्रालय और डिपार्टमेंट ऑफ स्पेस ने कुछ क्लैफिकेशंस मांगे हैं। इन्हें शामिल कर इस महीने के अंत तक एक फाइनल प्रपोजल तैयार कर भेजा जाएगा।"

- फ्लाइट्स में कनेक्टिविटी जमीन से हवा और सैटेलाइट कम्युनिकेशन के जरिए दी जा सकती है। लेकिन डीओटी का मानना है कि फ्लाइट्स में कनेक्टिविटी सैटेलाइट्स के जरिए ही दी जाए।

- फ्लाइट्स में वायरलेस इंटरनेट की सुविधा दी जाएगी। इसे एक ऑन-बोर्ड राउटर के जरिए दिया जाएगा जो एयरक्राफ्ट पर लगे एक एंटीना से जुड़ा होगा।

- ये एंटीना सैटेलाइट से इंटरनेट सिग्नल को कैच करेगा। इसका जमीन से हवा में होने वाले कम्युनिकेशन चैनल से कोई रिलेशन नहीं होगा। इस चैनल का इस्तेमाल एयर ट्रैफिक कम्युनिकेशन के लिए पायलट करते हैं।

- गृह मंत्रालय ने ये भी पूछा है कि फ्लाइट्स में कनेक्टिविटी के लिए किन सैटेलाइट्स (भारतीय या फिर फॉरेन) की मदद ली जाएगी।

- हालांकि ये कहा गया है कि रिवाइज्ड प्रपोजल में सारी बातों को शामिल किया जाएगा।