दिल्ली पुलिस की तीन गाड़ियां #JNU कैंपस से बाहर निकलीं

नई दिल्ली (22 फरवरी):  जेएनयू कैंपस में 9 फरवरी को भारत विरोधी नारे लगाने वालों को गिरफ्तार करने पहुंची पुलिस वापस लौटी। बताया जा रहा है कि ़जेएनयू प्रशासन की तऱफ से भीतर आने की परमिशन नहीं दी गई।

इससे पहले खबर आई थी कि चार आरोपी छात्रों को कैंपस में ही देखा गया है। मीडिया को कैंपस के गेट पर ही रोक दिया गया, लेकिन उमर खालिद के चार वकीलों को भीतर जाने दिया गया।

बता दें कि दिल्ली पुलिस ने जेएनयू में देश विरोधी नारे लगाने के केस में तीन छात्रों के खिलाफ कल ही लुकआउट नोटिस जारी किया है। दिल्ली पुलिस ने जिन तीन लोगों के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया है उनके नाम उमर खालिद, अनिरबन और रियाज है। इनके आलावा रामा नागा और आशुतोष पर भी आरोप हैं। 

बताया जा रहा है कि कैंपस के भीतर बड़ी संख्या में छात्रों का जमावड़ा है। मीडियो रिपोर्ट के मुताबिक, छात्र लगातार सरकार विरोधी नारे लगा रहे हैं। ऩारेबाजी कर रहे छात्र जेएनयू छात्र संघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार की रिहाई की मांग की जा रही है।

इतना ही नहीं कैंपस के भीतर से छात्र आरएसएस विरोधी नारे लगा रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स आ रही हैं कि खालिद और रियाज कैंप के भीतर देखे गए हैं। बताया जा  रहा है कि छात्र दोनों की गिरफ्तारी के लिए भी तैयार है।

 

बताया जा रहा है कि ये वो लोग है जो 9 फरवरी को जेएनयू कैंपस में हुए देशविरोधी नारों में शामलि थे। नोटिस जारी करने पर पुलिस का कहना है कि ये बस एक सुरक्षात्मक उपाय है।

बता दें  कि जेएनयू के स्कूल ऑफ सोशल साइंस में पीएचडी का छात्र उमर खालिद संसद हमले के गुनहगार अफजल गुरु के समर्थन में जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय में हुए कार्यक्रम का मुख्य आयोजक था और उसी दिन के बाद से उमर खालिद लापता हो गया है।  उमर खालिद पर अलगाववादियों से रिश्ते का शक भी जाताया जा रहा है।