दिल्ली मेट्रो का किराया बढ़ना तय, केजरीवाल की नहीं चली

नई दिल्ली(30 सितंबर): दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने शनिवार को कहा कि किराया बढ़ाया जाना जरूरी है। डीएमआरसी ने किराया बढ़ोत्तरी पर सफाई देते हुए कहा कि मेट्रो लागत को पूरा करने और यात्रियों को वर्ल्ड क्लास सर्विस उपलब्ध कराने के लिए यह जरूरी है।

-  डीएमआरसी ने एक बयान जारी करते हुए कहा कि 2009 से किराया नहीं बढ़ाया गया है, वहीं मेट्रो चलाने की लागत में 105 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी हुई है। डीएमआरसी ने बताया कि एनर्जी में 105 प्रतिशत, स्टाफ कॉस्ट में 139 प्रतिशत और रिपेयर से जुडे़ कामों में 213 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी हुई है। 

- डीएमआरसी ने कहा, 'वर्ल्ड क्लास सर्विस बनाए रखने के लिए, यह जरूरी है कि मेट्रो घाटे में न रहे। इसे ध्यान में रखते हुए दिल्ली मेट्रो ऐक्ट 2002 के तहत किराए में रिवीजन किया जा रहा है।' इसके अलावा प्रेस रिलीज में कहा गया कि डीएमआरसी ने जापान इंटरनैशनल कॉर्पोरेशन बैंक (JICA) से बड़ा लोन लिया हुआ है और 26 हजार करोड़ का लोन अभी भी बकाया है। 

- मेट्रो कॉर्पोरेशन ने कहा कि कुशलतापूर्वक चलने के बावजूद मेट्रो को 378 करोड़ रुपये का घाटा हो रहा है। डीएमआरसी ने कहा कि वह अपनी ऑपरेटिंग कॉस्ट को कम करने के लिए लगातार कोशिशें कर रहा है। इसके अलावा डीएमआरसी ने मेट्रो विस्तार के बारे में बताते हुए कहा कि फेस 3 के बाद कई जगह पहुंचने में कम समय और किराया लगेगा। साथ ही देश की अन्य मेट्रो से भी दिल्ली मेट्रो का किराया कम है। 

- बता दें इससे पहले दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने केंद्रीय शहरी मामलों के मंत्री हरदीप पुरी को चिट्ठी लिखकर दिल्ली मेट्रो की ओर से प्रस्तावित किराए की बढ़ोतरी पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने का निवेदन किया। 

- केजरीवाल ने हरदीप पुरी को भेजे गए खत में कहा है कि दिल्ली मेट्रो द्वारा किराए की यह बढ़ोतरी नियमों के खिलाफ है और ऐसे में वह डीएमआरसी के कानून के तहत प्राप्त अधिकारों का इस्तेमाल करते हुए किराए की बढ़ोतरी को तत्काल प्रभाव से रोकने का निर्देश दें।