किराये पर ली कार, पहले बेची, फिर उसी रात चुराई

नई दिल्ली(6 जुलाई): बिजनेस में घाटा झेल रहे दिल्ली के एक युवा व्यवसायी ने पैसे रिकवर करने के लिए परफेक्ट प्लान बनाया। 28 साल के बीसीए ग्रेजुएट मिंटू कुमार ने एक कार किराए पर ली और कार मालिक बनकर ई-कॉमर्स साइट पर उसे बेच दिया। 

दिलचस्प बात ये रही कि मिंटू ने कार बेचने वाली रात ही उसे चुरा भी लिया। पिछले हफ्ते, द्वारका सेक्टर 23 स्टेशन के थाने में पुलिस को कार चोरी की शिकायत मिली थी। कार का रिकॉर्ड चेक करने पर मिली जानकारी उलझी हुई थी। मालिक ने जो डिटेल दी थी वह इसी रंग की एक दूसरे महिंद्रा XUV कार की थी, जिसका मालिक दिल्ली का ही था।

इस घटना के सीक्वेंस का ब्योरा देते हुए एक अधिकारी ने बताया कि कार मालिक झूठ नहीं बोल रहा था। उसने वेबसाइट के जरिए कार खरीदी थी। वह उसी रात चोरी हो गई। शुरुआत में पुलिस को लगा कि कार मालिक को चोरी की गाड़ी बेची गई होगी लेकिन बाद में संदेह हुआ कि हो सकता है बेचने वाले ने कार चुराई हो। इसके बाद केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई। पुलिस सूत्रों ने बताया कि जांच के दौरान एक अधिकारी को सूत्र संदिग्ध के बारे में इशारा मिला जो द्वारका में ही रह रहा था और फिर से गाड़ी को बेचने की कोशिश कर रहा था। मिंटू को इसी के बाद पुलिस टीम ने पकड़ लिया।

मिंटू की मॉडल ऑपरेंडी ने अनुभवी पुलिस अधिकारियों को भी चौंकाकर रख दिया। मिंटू ने पुलिस को बताया कि उसने कार बेचने के 7 घंटे बाद ही उसे चुरा लिया था। उसने बताया कि फरीदाबाद में इसका एक मसाज पार्लर/स्पा था जो घाटे मे चल रहा था। अपनी प्लानिंग पूरी करने के लिए उसने दो महीने पहले इस कार को किराए पर लिया था। इसके बाद इसने उसी तरह की महिंद्रा XUV की तलाश शुरू की। एक बार उसी रंग की कार मिल जाने के बाद, उसने डिटेल नोट की और फिर किराए वाली कार की जाली आरसी तैयार करवाई। वास्तविक कार मालिक की जानकारी के बगैर मिंटू ने कार बेच दी। बाद में उसी रात मिंटू ने डुप्लीकेट चाबियों के इस्तेमाल से कार चुरा ली। मिंटू ने बताया कि उसने जीपीएस की मदद से कार ट्रैस की। उसके पिता सेना के रिटायर्ड कैप्टन हैं।