मां के अंतिम संस्कार के लिए छत तोड़कर निकालनी पड़ी लकड़ी

नई दिल्ली(26 सितंबर): सरकारी सहायता न मिलने पर पत्नी की लाश कंधे पर लेकर घूमने की घटना के बाद एक बार फिर ओडिशा का कालाहांडी शर्मसार हुआ है। इस बार कालाहांडी जिले के गोलामुंडा तहसील में स्थित डोकरीपाड़ा गांव खबरों में आ गया है। यहां चार लड़कियों को अपनी मां के शव को अंतिम संस्कार के लिए सिर पर रखकर ले जाना पड़ा और किसी ने भी उनकी कोई मदद नहीं की।

इतना ही नहीं, हद तो तब हो गई जब महिला के अंतिम संस्कार के लिए लड़कियों को अपने ही घर की छत तोड़कर लकड़ी निकालनी पड़ी। इस महिला का नाम था कनक सतपाथी, जिसकी लंबी बीमारी के चलते शुक्रवार रात को मौत हो गई थी। महिला की उम्र 75 साल बताई जा रही है।

लड़कियों ने अपने पड़ोसियों से मदद के लिए विनती भी की थी, लेकिन किसी ने कोई मदद नहीं की। कई घंटों तक मदद का इंतजार करने के बाद महिला की बेटियों ने फैसला किया कि वह खुद ही अपनी मां का अंतिम संस्कार करेंगी।लड़कियों ने अपनी मां के शव को एक चारपाई को उल्टा करके उस पर बांध दिया और अंतिम संस्कार के लिए लेकर चल दीं। चारों बेटियों में से दो विधवा हैं और बाकी दो के पतियों ने उन्हें छोड़ दिया है। अपना पेट भरने के लिए वे सभी भीख मांगकर अपना पेट भरती हैं।