सूरत से पहले कमजोर पड़ा ओखी तूफान, मुंबई में खतरा टला

सूरत से पहले कमजोर पड़ा ओखी तूफान, अब खतरा नहीं, आधी रात बाद तेज हवा-बारिश

नई दिल्ली (6 दिसंबर): केरल, तमिलनाडु और लक्षद्वीप में तबाही मचाने के बाद ओखी तूफान महाराष्ट्र, गोवा होते हुए मंगलवार की आधी रात बाद साउथ गुजरात के करीब पहुंच गया है। हालांकि सूरत के तटीय हिस्से से टकराने के पहले तूफान कमजोर पड़ने से खतरा टल गया। कभी 100 से 150 किमी प्रति घंटे की रफ्तार वाला तूफान साउथ गुजरात के करीब आते-आते 18 KM की गति पर आ गया। हवा की रफ्तार घट कर 40 से 45 KM प्रति घंटा रह जाएगी।

आधी रात तक तटीय इलाकों में भारी बारिश के साथ 70 से 80 किमी की रफ्तार से हवा चल रही थी। वेदर डिपार्टमेंट ने अगले तीन दिन यहां भारी बारिश की चेतावनी दी है। गुजरात में सूरत, राजकोट, बलसाड, अहमदाबाद, राजकोट समेत 22 जिलों में मंगलवार शाम से बारिश शुरू हो गई है।

सूरत में सेना और नेवी को स्टैंडबाई पर रखा गया है। शहर में 6 एनडीआरएफ टीमें भी तैनात की गई हैं। स्थानीय स्तर पर एसएमसी तो दिल्ली में सेंट्रल कंट्रोल रूम बनाया गया है। मंगलवार को सूरत आने-जाने वाली फ्लाइट डाइवर्ट या रद्द करनी पड़ीं। स्कूल, कॉलेज बंद करवा दिए गए हैं। स्थिति की समीक्षा और तैयारियों का जायजा करने के लिए बैठकों का दौर जारी है। चीफ सेक्रेटरी जेएन सिंह की अध्यक्षता में संबंधित विभागों के सचिवों और अन्य अफसरों की एक बैठक भी आज हुई। 

मुंबई में पिछले 10 साल में दिसंबर महीने में सबसे ज्यादा 22 मिमी बारिश हुई। ओखी का केंद्र मुंबई से 300 किमी दूर साउथ-वेस्ट में है। महाराष्ट्र के तटीय इलाकों में 5 मीटर ऊंची लहरें उठ रही हैं। चौपाटी बीच को बंद कर दिया गया है। गोवा में ओखी से 12 बीचों को नुकसान हुआ है।

मंगलवार को हल्की से मध्यम वर्षा का दौर जारी है। मौसम विभाग ने दक्षिण गुजरात और तटीय सौराष्ट्र में आज कई स्थानों पर भारी वर्षा की चेतावनी जारी की है। पिछले 24 घंटे में सूरत सहित नवसारी, गिर सोमनाथ, भरूच, तापी, भावनगर, वलसाड समेत नौ तटीय जिलों के 33 तालुका में बरसात दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने एक से दो मीटर तक ऊंची लहरें उठने की बात कही है।