रेलवे ने 100 ग्राम दही 972 और 1 किलो रिफाइंड के चुकाए 1241 रुपए

नई दिल्ली (3 मई): भले ही सुरेश प्रभु रेलवे को सुधारने की बात करते हो, लेकिन एक आरटीआई में हुए खुलासे ने उनके मंत्रालय की पोल खोलकर रख दी हैं। आरटीआई के तहत मिली जानकारी में सामने आया है कि रेलवे ने 100 ग्राम दही 972 रुपए और एक किलो रिफाइंड तेल के लिए 1241 रुपए चुकाए है। हालांकि रेलवे अधिकारियों ने एक अंग्रेजी अखबार को कहा कि यह टाइपिंग की गलती हो सकती है।


सूचना के अनुसार सेंट्रल रेलवे ने अमूल दही 972 रुपए प्रति 100 ग्राम की दर से खरीदी थी, जबकि उसकी एमआरपी 25 रुपए थी।


क्या है मामला

एक आरटीआई कार्यकर्ता अजय बोस ने आरटीआई दाखिल कर यह जानकारी हासिल की है। उनके अनुसार सेंट्रल रेलवे कैटरिंग डिपार्टमेंट ने इन चीजों को उनपर लिखे एमआरपी से कई गुना ज्यादा दर पर खरीदा। रेलवे के एक अध‍िकारी ने अखबार से कहा कि ये ‘टाइपिंग एरर’ हो सकता है, लेकिन इस मामले की जांच की जाएगी।


आरटीआई से मिली जानकारी

अजय बोस ने बताया कि उन्होंने जुलाई 2016 में आरटीआई के तहत सूचना मांगी थी, लेकिन सेंट्रल रेलवे ने उन्हें जो जवाब दिया, उससे यह समझ में आ गया कि कुछ छिपाने की कोशिश की जा रही है। उसके बाद बोस ने पहली अपील दायर की। अपीलेट अथॉरिटी ने रेलवे को 15 दिन के अंदर वांछित जानकारी देने का आदेश दिया, फिर भी बोस को कई महीनों तक सूचना नहीं दी गई। संदेह बढ़ने के कारण बोस ने दोबारा अपील की, तब उन्हें पूरी जानकारी मिली।


- रेलवे ने मार्च 2016 में 58 लीटर रिफाइंड तेल 72,034 रुपए (1241 रुपये प्रति लीटर) में खरीदा।

- रेलवे ने टाटा नमक के 150 पैकेट 2670 रुपये (49 रुपये प्रति पैकेट) में खरीदे, जबकि नमक के एक पैकेट की एमआरपी 15 रुपए थी।

- इसी तरह पानी की बोतल और कोल्ड ड्रिंक 59 रुपये प्रति बोतल की दर से खरीदे गए।

- रेलवे ने चिकन, तूर दाल, मूंग दाल, बेसन और टिश्यू पेपर को भी बाजार भाव से काफी अधिक दर पर खरीदा।

- 570 किलो तूर दाल 89,610 रुपए (157 रुपए प्रति किलो), 650 किलो चिकन 1,51,586 (233 रुपए प्रति किलो), 148.5 किलो मूंग दाल 89610 रुपए (157 रुपए प्रति किलो) और 178 पानी-कोल्ड ड्रिंक्स के बॉक्स (एक बॉक्स में 10 बोतलें) 106031 रुपए (59 रुपए प्रति बोतल) की दर से खरीदे गए।