...तो इसलिए कांग्रेस ने राष्ट्रपति कोविंद के पहले संबोधन पर उठाए सवाल ?


नई दिल्ली (25 जुलाई): रामनाथ कोविंद देश के 14वें राष्ट्रपति बन गए हैं। संसद के सेंट्रल हॉल में कोविंद को चीफ जस्टिस खेहर ने राष्ट्रपति पद की शपथ दिलाया। इसके बाद कोविंद ने संसद के सेंट्रल हॉल में मौजूद लोगों को संबोधित किया। बतौर राष्ट्रपति अपने पहले संबोधन में रामनाथ कोविंद ने आजादी से जुड़े नेताओं का जिक्र किया लेकिन कांग्रेस के उन नेताओं का जिक्र नहीं किया जिनके नाम की कांग्रेस को उम्मीद थी।

कांग्रेस ने रामनाथ कोविंद के पहले संबोधन पर ही सवाल उठाए दिए हैं। कांग्रेस का कहना है कि अपने पहले संबोंधन में देश के प्रथम प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू का नाम न लेकर उन्हेंने उनका अपमान किया है। गुलाम नबी आजाद ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि राष्ट्रपति ने देश के पहले पीएम नेहरू का नाम एक बार भी अपने भाषण में नहीं लिया जो कि दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्हें समझना होगा कि वह अब बीजेपी के उम्मीदवार नहीं हैं।

कांग्रेस सांसद गुलाम नबी आजाद ने संबोधन पर सवाल उठाते हुए कहा कि रामनाथ कोविंद ने अपने भाषण में देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहर लाल नेहरू, इंदिरा गांधी और राजीव गांधी का नाम नहीं लिया। गुलाम नबी ने कहा कि नए राष्ट्रपति ने अपने पहले सम्बोधन में इन नेताओं के नाम तक नहीं लिए, जो दिल को चुभने वाली बात है। वहीं आनंद शर्मा ने कहा कि राष्ट्रपिता गांधी के समकक्ष जनसंघ के नेता दीन दयाल उपाध्याय को नए राष्ट्रपति ने अपने सम्बोधन में खड़ा किया, ये ठीक नहीं है।

दरअसल, शपथ ग्रहण के दौरान संसद के सेंट्रल हॉल में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने अपने भाषण में कहा कि मैं अब राजेंद्र प्रसाद, राधाकृष्णन, एपीजे अब्दुल कलाम और प्रणब दा की विरासत को आगे बढ़ा रहा हूं। अब हमें आजादी में मिले 70 साल पूरे हो रहे हैं, ये सदी भारत की ही सदी होगी. राष्ट्रपति कोविंद ने ये भी कहा कि वर्ष 2022 में देश अपनी आजादी के 75 साल पूरा कर रहा है, हमें इसकी तैयारी करनी चाहिए। हमें तेजी से विकसित होने वाली मजबूत अर्थव्यवस्था, शिक्षित समाज का निर्माण करना होगा। इसकी कल्पना महात्मा गांधी और दीनदयाल उपाध्याय ने की थी।

रामनाथ कोविंद ने अपने पूरे संबोधन में देश के पहले राष्ट्रपति राजेंद्र प्रसाद, राधाकृष्णन, एपीजे अब्दुल कलाम और प्रणब मुखर्जी के अलावा महात्मा गांधी और दीनदयाल उपाध्याय का ही नाम लिया। कांग्रेस ने इस बात पर नाराजगी जताई है कि राष्ट्रपति ने पहले संबोधन में नेहरू, इंदिरा गांधी और राजीव गांधी का नाम नहीं लिया।