'सुसाइड नोट को कागज नहीं पापा अपना बेटा समझना'

पीयूष आचार्य, वाराणसी (5 अप्रैल) : एक छात्र ने फांसी लगाकर अपनी जान दे दी है। छात्र ने मरने से पहले अपने माता-पिता के नाम सुसाइड नोट लिखा। इस में लिखा कि माता-पिता सुसाइड नोट को कभी न फाड़ें। सुसाइड नोट को उसने बाकायदा लेमिनेट करवाया था।

इसमें यह भी लिखा है कि सुसाइड नोट को कागज नहीं पापा अपना बेटा समझना। इसे फाड़ना नहीं पिता जी नहीं तो मेरी आत्मा को शांति नहीं मिलेगी। इस सुसाइड नोट को मम्मी पापा के कमरे में दरवाज़े के ऊपर लटका देना।

बताया जा रहा है कि आठवीं में पढ़ने वाले अनय चौहान (15) अपने माता-पिता के लिए सुसाइड नोट लिखकर दुनिया से चला गया। उसका परिवार माधोपुर में रहता है। वह 8वीं पढ़नेवाले एक छात्र ने कल फांसी का फंदा लगाकर जान दे दी। 

दरअसल, अनय के तीन भाई और एक बहन हैं। परिजनों के मुताबिक, कुछ दिन पहले पढ़ाई को लेकर बड़े भाइयों ने अनय को डांटा था। पुलिस के मुताबिक, अनय ने किसी को भी सुसाइड नोट में अपनी मौत का जिम्मेदार नहीं ठहाराया. मामला डिप्रेशन का लग रहा है।