चीन ने खोली पाकिस्तान के इस फर्जीवाड़े की पोल, लगाई डपट

नई दिल्ली (19 जुलाई): एकबार फिर पाकिस्तान का झूठ पूरी दुनिया के सामने बेनकाब हो गया है। पाकिस्तान भारत के किस कदर खौफ खाता है और बददुआ और दुष्प्रचार करता है ये बात फिर पूरी दुनिया के समाने आ गया है। पिछले दिनों पाकिस्तान ने एक झूठी खबर उड़ा दी कि डोकलाम विवाद के बीच चीन ने भारत पर हमला कर दिया है और इस हमले में भारत के 158 सैनिक मारे गए हैं जबकि दर्जनों सैनिक घायल हुए है। साथ ही भारत को बहुत बड़ा नुकसान हुआ है। पाकिस्तान के एक चैनल ने भारत-चीन के युद्ध की फर्जी फोटो तक जारी कर दी। जहां भारत ने पाकिस्तान के इस खबर को फर्जी बताया वहीं चीन ने भी इसे गलत बताया। चीनी मीडिया ने भी पाकिस्तान के इस अफवाह को झूठा करार दिया है। 

चीन के पीपल्स डेली ऑनलाइन ने पाकिस्तानी टीवी दुनिया न्यूज में चली खबरों को आधारहीन बताया। चीनी अखबार ने लिखा है कि पाकिस्तानी मीडिया सोशल मीडिया और इंटरनेट के हवाले से ऐसी खबरें चल रहा है लेकिन ये मनगढ़ंत हैं। चीन की सत्ताधारी पार्टी के आधिकारिक अखबार ग्लोबल टाइम्स ने भी पाकिस्तानी मीडिया में आई खबरों को आधारहीन और जाली बताया है। चीन के कई अन्य मीडिया संस्थानों ने इस बारे में पाकिस्तानी मीडिया में चल रही खबरों का खंडन किया है। चीन में मीडिया पर सरकार का नियंत्रण है। ग्लोबल टाइम्स में प्रकाशित रिपोर्ट में कहा गया है कि पाकिस्तानी मीडिया जिन तस्वीरों को सिक्किम सीमा का बता रहा है वो कश्मीर की हैं।

आपको बता दें कि उर्दू चैनल दुनिया न्यूज ने न केवल टीवी पर फर्जी खबर चलाई बल्कि अपने वेबसाइट पर भारत और चीन के बीच चल रहे युद्ध की मनगढ़ंत कहानी के साथ जाली तस्वीरें भी जारी कर दीं। भारतीय सेना ने तस्वीरें सामने आने के कुछ देर बाद ही उन्हें फर्जी करार दे दिया। भारतीय सेना ने इसे पाकिस्तानी मीडिया का कपटपूर्ण दुष्प्रचार बताया। 17 जुलाई को भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता गोपाल बागले ने कहा था कि ये खबरें पूरी तरह बोगस और आधारहीन हैं, ये कपटपूर्ण और शरारतभरी हैं। ऐसी खबरों का बिल्कुल संज्ञान नहीं लेना चाहिए। सिक्किम स्थित भारत चीन सीमा पर दोनों देशों के बीच एक महीन से अधिक समय से तनाव है लेकिन ऐसा हिंसक कुछ नहीं हुआ है।

आपको बता दें कि सिक्किम स्थिति भारत-चीन सीमा पर ताजा विवाद 6 जून को शुरू हुआ जब चीनी सेना ने भारतीय इलाके में स्थित बंकर को नष्ट कर दिया। वहीं भारत ने भूटान के डोकलाम इलाके में चीन द्वारा सड़क बनाने का विरोध किया। चीन इस इलाके को अपना डोंगलॉन्ग इलाका बताता है। डोकलाम में भारतीय और चीनी सैनिक आमने-सामने मानव-श्रृंखला बनाकर खड़े हैं।