पूर्व चीनी राष्ट्रपति के सहयोगी पर साबित हुआ भ्रष्टाचार, मिला आजीवन कारावास

नई दिल्ली (5 जुलाई): चीन के पूर्व राष्ट्रपति हू जिंताओ के पूर्व सहयोगी को बीजिंग में भ्रष्टाचार के एक मामले में यहां की एक अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनायी है। समाचार एजेंसी शिनहुआ के मुताबिक तिनजियांग की एक अदालत ने लिंग जिहुआ को कुल 1.16 करोड़ डॉलर की रिश्वत लेने, अवैध रूप से गोपनीय सरकारी दस्तावेज हासिल करने और पद के दुरुपयोग के आरोप में आजीवन कारावास की सजा सुनायी गयी है। अदालत ने उन्हें दोषी ठहराते हुए उनके राजनीतिक अधिकार छीनने और उनकी संपत्ती जब्त करने का भी आदेश दिया है।

लिंग जिहुआ 2014 में जांच के दायरे में आने से पहले चीन की पीपुल्स पोलिटिकल कंसलटेटिव कांफ्रेंस (सीपीपीसीसी) की 12वीं राष्ट्रीय समिति के उपाध्यक्ष थे और कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ चायना (सीपीसी) की केंद्रीय समिति के युनाइटेड फ्रंट वर्क डिपार्टमेंट के प्रमुख थे। लिंग उन कई शीर्ष अधिकारियों में शामिल हैं जिन्हें भ्रष्टाचार के आरोप में जेल भेजा गया है। इनमें पूर्व सार्वजनिक सुरक्षा मंत्री झोऊ योंगकांग भी शामिल हैं। राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने जब से पदभार संभाला है तभी से देश में भ्रष्टाचार में दोषी पाये जाने वाले शीर्ष पदाधिकारियों पर कार्रवाई की जा रही है।