चीन ने मुस्लिमों के दाढ़ी रखने और बुर्का पहनने पर लगाया रोक

नई दिल्ली ( 30 मार्च ): चीन का पश्चिमी प्रांत शिनजांग धार्मिक कट्टरपंथ से परेशान है। चीन ने अब धार्मिक कट्टरपंथ से जूझ रहे अपने पश्चिमी प्रांत शिनजांग में स्थिति सामान्य करने और इसपर अपना नियंत्रण मजबूत करने के लिए कई तरीके अपना रहा है। इन तरीकों से कई विवादास्पद हैं।  


चीन ने हाल ही एक फरमान जारी किया है कि शिनजांग में अब कोई  'असामान्य' दाढ़ी नहीं रखेगा और चीन ने सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं के बुर्का पहनने पर पाबंदी लगी दी है। इसके अलावा, धार्मिक तौर-तरीके से शादी ना कर कानूनी तरीके से विवाह करने का भी नियम जारी किया गया है। इतना ही नहीं, हलाल शब्द का इस्तेमाल करने पर भी पाबंदी लगा दी गई है। इससे पहले चीन ने यहां रमजान के दौरान लोगों के रोजा रखने पर भी प्रतिबंध लगा दिया था।


गौरतलब है कि पिछले कुछ सालों में शिनजांग प्रांत अल्पसंख्यक उइगर समुदाय से संबंधित हिंसा के मामलों से जूझ रहा है। सैकड़ों लोग मारे गए हैं। इस प्रांत में उइगर मुस्लिमों की बहुलता है। चीन यहां की अस्थिरता और हिंसा के लिए इस्लामिक स्टेट (ISIS) और अलगाववादियों को दोष देता है।


शिनजांग प्रांत की सरकार ने बुधवार को कई नए कानून पारित किए। इन्हें प्रांत की आधिकारिक न्यूज वेबसाइट पर अपलोड किया गया है। ये नए कानून 1 अप्रैल से लागू किए जाएंगे।