चीन ने पाकिस्तान के मंसूबे पर फेरा पानी, कश्मीर पर मध्यस्थता से किया इनकार

बीजिंग (3 मई): ना'पाक' पाकिस्तान को चालबाज चीन ने बड़ा झटका दिया है। चीन पाकिस्तान के उस मंसूबे पर पानी फेर दिया है जिसके तहत पाकिस्तान कश्मीर के मसले पर चीन की मध्यस्थता चाहता था। चीन ने इस बात से इनरार कर दिया है कि उसने चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारे यानी CPEC में निवेश की वजह से कश्मीर मुद्दे के समाधान के लिए उसने भारत और पाकिस्तान के बीच मध्यस्थता की योजना बनाई है।


चीन ने साफ किया है कि 50 अरब डॉलर की CPEC परियोजना से कश्मीर पर उसके रुख में कोई बदलाव नहीं आया है और इस मुद्दे का समाधान द्विपक्षीय रूप से होना चाहिए। चीन का यह स्पष्टीकरण उस वक्त आया है जब एक दिन पहले ‘ग्लोबल टाइम्स’ के एक लेख में कहा गया है कि कश्मीर मुद्दे के समाधान के लिए भारत और पाकिस्तान के बीच मध्यस्थता में बीजिंग का ‘निहित स्वार्थ’ है क्योंकि उसने पीओके से होकर गुजरने वाले सीपेक में भारी निवेश कर रखा है।


चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता गेंग शुआंग ने कहा है कि कश्मीर मुद्दे पर चीन का रुख स्पष्ट और सतत है। यह मुद्दा भारत और पाकिस्तान को इतिहास से मिला है तथा दोनों देशों को विचार-विमर्श एवं बातचीत के जरिए इसका समाधान करना चाहिए। उन्होंने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच संबंधों में सुधार के लिए चीन रचनात्मक भूमिका निभाएगा। गेंग ने कहा कि CPEC से इस मुद्दे पर चीन का रूख प्रभावित नहीं होगा।