अमेरिका-भारत के करीब आने से घबराया चीन

नई दिल्ली (1 सितंबर): चीन भले ही अपना रवैया दुनिया के सामने आक्रामक रख रहा हो, लेकिन सच तो यह है कि यह इसके पड़ोसी देशों का दूसरे देशों के साथ रिश्ते मजबूत करने से यह अकेला महसूस कर रहा है।

चीन सरकार की तरफ से संचालित आउटलेट में प्रकाशित एक संपादकीय में इस बात का संकेत साफ दिखाई देता है। इसमें कहा गया है कि बीजिंग वास्तव में खतरा महसूस कर रहा है। संपादकीय में कहा गया है कि चीन एक अहम ताकत बना ही है।

संपादकीय में ग्लोबल टाइम्स ने कहा कि चीन के कई फ्रंट्स पर कूटनीतिक प्रयासों के बावजूद इसके खतरों को उजागर किया गया है।

गौरतलब है, हाल ही में भारत और अमेरिका करीब आए हैं। "इस समय भारतीय रक्षामंत्री मनोहर पर्रिकर अमेरिका में लॉजिस्टिक्स एग्रीमेंट डील के लिए हैं। कुछ अमेरिकी मीडिया ने साफ तौर पर कहा कि भारत अमेरिकी अलायंस सिस्टम की तरफ झुक रहा है।"

लेख में कहा गया, "चीन अमेरिका और जापान के भौगोलिक-राजनैतिक तिकड़मों के केंद्र में घिरा हुआ मालूम होता है और विस्तार में भारत।"

लेख में कहा गया- "हालांकि, चीन को हल्के में नहीं लेना चाहिए, लेकिन बाहरी दुनिया ने चीन की कूटनीति का मतलब निकालते हुए जियोपॉलिटिक्स को गलत समझ लिया है।"