आतंक पर चीन का दोगलापन- मसूद अज़हर पर अब नहीं दिया कोई आश्वासन

नई दिल्ली (2 दिसंबर): आतंकवाद और क्षेत्रीय शक्ति संतुलन पर भारत-रूस के साथ चीन की वार्ता के बाद भी चीन मौलाना मसूद अज़हर प्रतिबंध को लेकर  ढुलमुल रवैया अपना रहा है। संयुक्त राष्ट्र में तकनीकि आधार पर मौलाना मसूद पर प्रतिबंध की कार्रवाई में बाधा डालने वाले चीन ने कहा है कि वो इस संबंध में भारत के संपर्क में है। लेकिन चीन ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि संपर्क में रहने का क्या मतलब है। भारत के विदेश मंत्री एमजे अकबर ने एक दिन पहले कहा था कि आतंकवाद के खिलाफ साझेदारी के वायदे पर चीन से कहा गया है कि वो संयुक्त राष्ट्र से अपनी रोक हटाये और मौलाना मसूद को प्रतिबंधित आतंकियों में शामिल होने दे। एमजे अकबर की इसी टिप्पणी पर मीडिया ने चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता जेंग शुआंग से सवाल किया तो उन्होंने कहाकि हम इस बारे में पहले कई बार अपना रुख स्पष्ट कर चुके हैं। हम इस मुद्दे पर भारत सहित सभी पक्षों से लगातार संपर्क में हैं।