चीन ने मुस्लिम बच्चों के ‘सद्दाम’ और ‘जिहाद’ जैसे नामों पर लगाई पाबंदी

बीजिंग (25 अप्रैल): आतंकवाद पर दोहरे मापदंड अपनाने वाले चीन को भी आतंकी खतरे का डर सताने लगा है। चीन ने अपने मुस्लिम बाहुल्य प्रांत झिंजियांग में बच्चों के नाम मसलन 'सद्दाम', 'जिहाद' जैसे दर्जनों इस्लामी नामों पर प्रतिबंध लगा दिया है। चीन सरकार ने ऐलान किया है कि ऐसे नाम रखे जाने पर बच्चों को शिक्षा और सरकारी लाभ नहीं मिल पाएगा।

रेडियो फ्री एशिया ने एक अधिकारी के हवाले से लिखा है कि अल्पसंख्यकों के लिए नाम रखने के नियम के लिए एक आदेश जारी किया गया है जिसके मुताबिक इस्लाम, कुरान, मक्का, जिहाद, इमाम, सद्दाम, हज और अन्य ऐसे शब्दों को नाम का हिस्सा बनाने पर प्रतिबंध होगा।


एक सरकारी अधिकारी ने प्रतिबंध की पुष्टि करते हुए बताया कि जिन बच्चों के नाम "चरमपंथी शब्द" पर आधारित होंगे उन्हें पंजीकरण की सुविधा से वंचित रहना पड़ेगा और सरकार की ओर से प्रदान की जाने वाली स्वास्थ्य और शिक्षा सुविधाएं नहीं मिलेंगी। सरकारी अधिकारी का कहना था कि जिन शब्दों से जिहाद और जुदाई का आभास मिलता हो उन पर विशेष रूप से पाबंदी लगाई गई है।


गौरतलब है कि चीन के झिंजियांग प्रांत में चीन की ज्यादातर मुस्लिम आबादी रहती है। प्रांत में रहने वाले उइगुर मुसलमानों लंबे समय से चीन की सरकार से अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ते रहे हैं। झिंजियांग से मुसलमानों के धार्मिक अधिकारों के हनन का आरोप चीन पर लगता रहा है। इस क्षेत्र मे चीनी नीतियों के खिलाफ लड़ने वालों पर सरकार कार्रवाई करती रही है। इस क्षेत्र में हालिया सालों में सैकड़ों लोगों की जान चीनी सुरक्षा बलों से टकरावों में गई हैं।