'अल-कायदा' में भारतीय युवकों की भर्ती के लिए साजिश रचने वाले 17 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट

नई दिल्ली (10 जून): दिल्ली पुलिस ने शुक्रवार को भारतीय युवकों की भर्ती करने के लिए साजिश रचने और भारतीय उपमहाद्वीप में आतंकी संगठन अल-कायदा का बेस (AQIS) स्थापित करने के 17 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। जिनमें से 12 आरोपी फरार हैं। 

डीएनए की रिपोर्ट के मुताबिक, एडीशनल सेशन्स जज रीतेश सिंह के समक्ष अपनी फाइनल रिपोर्ट पेश की। जिसमें दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने 5 गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ चार्ज लगाए हैं। जिनमें मोहम्मद आसिफ, जफ़र मसूद, मोहम्मद अब्दुल रहमान, सईद अंजार शाह और अब्दुल सामी शामिल हैं। इनपर कथित अपराधों के लिए अनलॉफुल एक्टिविटीज़ प्रिवेन्शन एक्ट (UAPA) के प्रावधानों के तहत आरोप लगाए गए हैं।

आरोपियों को दिसंबर 2015 से जनवरी 2016 के बीच देश के कई हिस्सों से गिरफ्तार किया गया था। जांच एजेंसी के मुताबिक, आतंकी संगठन अल-कायदा भारत में अल-कायदा इन इंडियन सबकॉन्टिनेंट (AQIS) नाम से अपना बेस स्थापित करना चाहता था। पश्चिमी उत्तर प्रदेश से कई युवक पहले ही भारत छोड़कर पाकिस्तान में इस कैडर में शामिल हो चुके हैं।

जांच एजेंसियों का दावा था कि इनका एक मॉड्यूल उत्तर प्रदेश के संभल जिले में सक्रिय था। उनका कहना था कि आरोपी पाकिस्तान, ईरान और तुर्की के आतंकियों से सोशल मीडिया और मोबाइल फोन्स के जरिए संपर्क में थे। ये लोगों इन देशों में भी जा चुके थे और उन्होंने AQIS को वित्तीय मदद भी की थी, इसके अलावा 'जेहाद' के लिए युवकों को भी प्रेरित किया था।

इन पांच के अलावा 12 अन्य पर भी चार्ज लगाए गए हैं। इनके खिलाफ कोर्ट ने पहले गैर-जमानती वारंट भी जारी किया था।

फरार आरोपियों में सईद अख्तर, सनाउल हक, मोहम्मद सरजील अख्तर, उस्मान. मोहम्मद रेहान, अबू सूफियान, सईद मोहम्मद अर्शियान, सईद मोहम्मद जीशान अली, सबील अहमद, मोहम्मद शाहिद फैज़ल, फरहातुल्लाह घोरी और मोहम्मद उमर शामिल हैं।

पिछले साल 14 दिसंबर को आसिफ की गिरफ्तारी के बाद एफआईआर दर्ज कराई गई थी।