CBSE के स्कूलों में 9वीं से 12वीं तक फीजिकल एजुकेशन जरूरी

नई दिल्ली (23 अप्रैल): CBSE ने नए दिशा-निर्देश जारी करते हुए स्कूलों में हर दिन खेल का एक पीरियड अनिवार्य कर दिया है ताकि छात्रों की बैठे रहने की आदत में बदलाव आए और उनकी शारीरिक सक्रियता बनी रहें। बोर्ड ने 150 पन्नों की एक नियमावली तैयार की है जिसमें स्कूलों के लिए नौवीं से 12 वीं तक की कक्षाओं के लिए खेल संबंधी दिशानिर्देशों और उनके क्रियान्वयन का विवरण दिया गया है। 

बोर्ड के सीनियर अधिकारी ने एक अंग्रेजी अखबार से बात करते हुए कहा है, ''ये कदम बच्चों में बढ़ते हुए मोटापे को देखते हुए उठाया गया है।'' इससे पहले बड़ी क्लास में ही सिर्फ हेल्थ एजुकेशन की क्लास होती थी, जिसे अब स्पोर्ट्स और हेल्थ एजुकेशन से बदल दिया गया है।

हालांकि, इस नई लागू की गई क्लास के लिए कोई एग्जाम नहीं होगा. बोर्ड ने स्कूलों को भी यह आजादी दी है कि वह किस तरह के खेल बच्चों के लिए लाना चाहते हैं। बोर्ड ने पिछले महीने ही स्कूलों से साल 2018-19 के लिए टाइम टेबल बनाते वक्त ही नई क्लास को लागू करने का आदेश दे दिया था।