कैशलेस इकॉनमी, एक लेस कैश पेमेंट वाली व्यवस्था है- अरुण जेटली

नई दिल्ली (16 दिसंबर): वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि सरकार और रिजर्व बैंक डिजिटल पेमेंट की लागत कम करने के उपाय कर रहे हैं और सरकार इंटरनेट सेंधमारी के प्रति सुरक्षा की जरूरत के प्रति भी जागरूक है। उन्होंने कहा है कि डिजिटल पेमेंट को प्रोत्साहित करने का उद्देश्य अर्थव्यवस्था में कैश के उपयोग को कम करना है न कि इसे खत्म करना।वित्त मंत्रालय से जुड़ी संसदीय सलाहकार समिति की 5वीं बैठक की अध्यक्षता करते हुए हुए जेटली ने कहा कि डिजिटल लेन-देन कैश लेन-देन के समानांतर की एक सुविधा है। यह पूरी तरह नकद लेनदेन की जगह लेने वाली नहीं है। उन्होंने कहा, 'कैशलेस इकॉनमी वास्तव में एक लेस कैश पेमेंट वाली व्यवस्था होती है। कोई भी अर्थव्यवस्था पूरी तरह कैशलेस नहीं हो सकती।'