अमेरिका में बसना हुआ महंगा, ग्रीन कार्ड के लिए 5.4 करोड़ रुपए बढ़े


नई दिल्ली (22 जनवरी): ग्रीन कार्ड लेकर अमेरिका में बसने की सोचने वाले लोगों के लिए एक बुरी खबर सामने आई है। अमेरिका में ईबी-5 यानि निवेश से जुड़े वीजा के जरिए जाना भारतीयों को 5.4 करोड़ रुपए तक महंगा पड़ेगा। पहले ईबी-5 वीजा के नियमों के तहत निवेश की सीमा करीब 6.8 करोड़ रुपए थी मगर अब ये सीमा बढ़कर 12.2 करोड़ हो गई है।


कम से कम 9.2 करोड़ का करना होगा निवेश

इस समय निवेशकों को कम रोजगार वाले रुरल एरिया में करीब आधा मिलियन के करीब निवेश करना पड़ता है। मगर इस निवेश की सीमा को भी अब बढ़ा दिया गया है। अब कम से कम 9.2 करोड़ का निवेश करना अनिवार्य होगा। अमेरिका के होमलैंड सुरक्षा विभाग ने 17 जनवरी को ये सभी संशोधन प्रस्तावित किए थे। अभी ये संशोधन टिप्पणियों के लिए 90 दिनों तक खुली खिड़की का प्रावधान है।


कैसे मिलता है ईबी-5 वीजा

ईबी-5 को वीजा के लिए नकद राशि भी कहा जाता है। अगर कोई भी भारतीय अमेरिका में एक स्थायी घर चाहता है तो उसके लिए निवेश करना होगा। इस निवेश से कम से कम 10 अमेरिकी कर्मचारियों को फुल टाइम नौकरी मिलनी चाहिए। इस निवेश के साथ एक व्यक्ति खुद के साथ अपनी पत्नी और 21 साल से कम उम्र वाले बच्चों के लिए अमेरिका में घर ले सकता है।


ईबी-5 के जरिए दो तरीके से कर सकते हैं निवेश

ईबी-5 के जरिए निवेशक दो तरह से निवेश कर सकता है। एक तरीका है कि वो निवेशक सीधे रूप से अपना बिजनेस स्थापित करे। वहीं दूसरा तरीका है कि निवेशक कुछ रीजनल सेंटर्स के जरिए निवेश करवाए। उसके लिए उसके कुछ स्पांसर ढूंढने होंगे। दूसरा तरीका ही सबसे पॉपुलर है। ईबी-5 के जरिए निवेश करने का समय 31 दिसंबर को खत्म हो गया था। मगर अब इसकी सीमा को बढ़ाकर 28 अप्रेल 2017 कर दिया गया है।