कैप्टन पवन का आखिरी फेसबुक पोस्ट, ‘मुझे न आरक्षण चाहिए, न आजादी’,

नई दिल्ली(22 फरवरी): जम्मू-कश्मीर के पंपोर में रविवार सुबह आतंकियों से मुठभेड़ में सेना के कैप्टन पवन कुमार शहीद हो गए। उनका जन्म आर्मी डे यानी 15 जनवरी को हुआ था। वे 23 साल के थे।

हरियाणा के जींद के रहने वाले पवन कुमार तीन साल पहले आर्मी में शामिल हुए। वे दो ऑपरेशन में तीन आतंकियों को मार चुके थे। जाट आंदोलन के कारण पवन का शव सोमवार को हवाई मार्ग से जींद लाया जाएगा। सेना ने पवन के अंतिम संस्कार के लिए लोगों से मदद की अपील की है।

पवन ने अपने आखिरी फेसबुक पोस्ट में लिखा था कि किसी को रिजर्वेशन चाहिए तो किसी को आजादी भाई। हमें कुछ नहीं चाहिए भाई। बस अपनी रजाई।

आतंकियों ने शनिवार को श्रीनगर के बाहरी इलाके में सात मंजिला इमारत पर कब्जा कर लिया था। उसमें करीब डेढ़ सौ लोग फंसे थे। पहले सीआरपीएफ ने माेर्चा संभाला। उनके तीन जवान शहीद हो गए। फिर सेना के स्पेशल फोर्स पैरा के कैप्टन पवन टुकड़ी के साथ मौके पर पहुंचे।