बुलंदशहर हिंसा: डिप्टी सीएम केशव मौर्य ने किया योगेश राज का बचाव


न्यूज 24 ब्यूरो, अमित कुमार, नई दिल्ली (5 दिसंबर):
यूपी के डिप्टी सीएम केशव मौर्य ने बुलंदशहर घटना में मुख्य आरोपी योगेश राज का बचाव किया है। केशव ने कहा कि जांच पूरी होने से पहले किसी को दोषी कहना सही नहीं है। एफआईआर में किसी का भी नाम हो सकता है। उनसे पहले बुलंदशहर से बीजेपी सासंद और विधायक भी योगेश राज का बचाव करते दिखे। जबकि मीडिया रिपोर्ट की मानें तो वह ही इस पूरी घटना का मास्टर माइंड है, जो अभी तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।

केशव मौर्य ने बुलंदशहर की घटना को दुखद बताते हुए कहा कि इसमें एक ऐसे कोतवाल को बलिदान देना पड़ा है, जिसके लिए पुलिस और प्रशासन में सहानभूति है। सरकार उनके परिवार के साथ खड़ी है। लेकिन यह जो घटना हुई है उससे सरकार भी चिंतित है और ऐसे कदम उठाए जा रहे हैं कि भविष्‍य में इस प्रकार की कोई अनहोनी ना हो। मामले की एसआईटी और मजिस्टेट जांच हो रही है। जांच के बाद जो भी दोषी होगा, उसका बख्शा नहीं जाएगा।


बुलंदशहर हिंसा को 40 घंटे से ज्यादा बीत चुके हैं, लेकिन अब तक इसके मास्टरमाइंड को गिरफ्तार नहीं किया गया है। स्याना में हुई हिंसा की साजिश का मुख्य आरोपी योगेश राज है। योगेश राज बजरंगदल का जिला संयोजक है। य़े पिछले दस दिन से फेसबुक पर आंदोलन खड़ा करने की कोशिश कर रहा था। ये हिंदुत्व के नाम पर लोगों को भड़काता था। योगेश राज बजरंग दल से जुड़ा हुआ है। गोकशी की खबर जैसे ही इसे लगी ये बड़ी तादाद में अपने समर्थकों के साथ उस जगह पहुंच गया, जहां गायों के शव मिले थे। उसी जगह इसने पुलिस से झगड़ा किया। पुलिस इसे समझाने की कोशिश कर रही थी, लेकिन ये पुलिस की सुनने को तैयार नहीं है।

इसके दिमाग में दंगे फैलाने का, हिंसा फैलाने का प्लान हमेशा रहता है। ये इसकी फेसबुक पोस्ट से साफ हो जाता है। इसने लिखा अमरनाथ यात्रा का एक मात्र समाधान है हज यात्रा की फ्लाइटों पर हमला। पिछले करीब 10-15 दिन से ये राम मंदिर आंदोलन के लिए लोगों को जुटाने का काम कर रहा था। इसकी हर पोस्ट में बजरंग दल का नाम है या विश्व हिंदू परिषद का। हिंदू संगठनों के नाम पर ये बड़े-बड़े नेताओं के साथ भी उठता बैठता है। हिंदुत्व के नाम पर कही भी हिंसा फैलाने वाला योगेश राज फिलहाल पुलिस गिरफ्त से बाहर है।

योगेश राज पहले एक प्राइवेट नौकरी करता था। 2016 में योगेश बजरंग दल का जिला संयोजक बना। उसके बाद नौकरी छोड़कर पूरी तरह संगठन के लिए काम करने लगा। योगेश राज के घर की दीवार पर अखंड भारत का नक्शा भी है, इसमें जिक्र है कि भारत कब-कब बंटा है। इसी योगेश राज ने सोमवार को हिंसक भीड़ की अगुआई की थी।

हालांकि योगेया के परिवार का कहना है कि वह हिंसा में शामिल नहीं था, पुलिस ने उसको फोन करके भीड़ को समझाने के लिए बुलाया था। लेकिन इस बारे में अभी तक कोई पुख्ता जानकारी नहीं मिली है।