यज्ञ प्रताप बरेली मिलिट्री अस्पताल में भर्ती, सेना ने आरोपों का किया खंडन

नई दिल्ली( 16 जनवरी ): आर्मी चीफ जनरल बिपिन रावत ने भले ही कहा हो कि सोशल मीडिया पर अपनी शिकायत रखने वाले जवान सजा के हकदार हो सकते हैं, लेकिन सेना फिलहाल लांस नायक यज्ञ प्रताप सिंह के खिलाफ सख्त कार्रवाई के मूड में नहीं है। उसे फटकार लगाकर या यूनिटों के अंदर की जाने वाली छोटी-छोटी कार्रवाई कर छोड़ा सकता है।

यज्ञ प्रताप सिंह ने सोशल मीडिया के जरिये सेना में सहायकों की दशा का मुद्दा उठाया था। इसके बाद और भी शिकायती वीडियो सामने आ रहे हैं। आर्मी ऐक्ट में विद्रोह भड़काने जैसी कोशिश करने वालों के लिए कड़ी सजा का प्रावधान है। सेना के सूत्रों का कहना है कि यज्ञ प्रताप ने अपराध किया है, इसमें कोई शक नहीं है लेकिन इतना बड़ा नहीं कि बेहद कड़ी सजा दिलाई जाए।

सेना के एक अफसर का कहना था कि उसकी मांग वाजिब भी हो सकती है लेकिन उसने मांग रखने का माध्यम गलत चुना है। यह किसी विशेष मनोस्थिति का नतीजा हो सकता है। सूत्रों के मुताबिक उसके बर्ताव पर मेडिकल काउंसलिंग की सिफारिश की गई है। उसके बाद ऐक्शन पर फैसला होगा।

इस बीच मेडिकल काउंसलिंग के लिए सेना की ओर से फॉर्म 10 भरे जाने की कार्रवाई शुरू किए जाने पर सोशल मीडिया में सवाल उठाए जा रहे हैं। कहा जा रहा है कि यज्ञ प्रताप को मानसिक रूप से बीमार साबित करने की कोशिश हो रही है। सेना ने इस बात का कड़ा खंडन किया है। सेना के एक अफसर ने कहा कि मेडिकल काउंसलिंग के लिए फॉर्म 10 भरा जाना बेहद सामान्य प्रक्रिया है। इसमें जांच डॉक्टर करते हैं, न कि सेना के अफसर।

सेना की ओर से आज जारी वक्तव्य में कहा गया है कि राजपूत रेजिमेंट में पिछले महीने से तैनात लांस नायक यज्ञ प्रताप ने 14 जनवरी से खाना छोड़ रखा था और उसका व्यवहार भी उग्र हो गया था। लांस नायक के स्वास्थ्य को देखते हुए तथा उसे उचित चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराने के लिए आज बरेली स्थित सेना के अस्पताल में भर्ती कराया गया है। यह कदम इसलिए उठाया गया है क्योंकि उसकी तैनाती की जगह फतेहगढ़ में पर्याप्त चिकित्सा सुविधा नहीं है। वह कोई मेंटल अस्पताल नहीं है।

इन आरोपों को भी खारिज किया गया है कि यज्ञ प्रताप को उसके परिवार से नहीं मिलने दिया जा रहा है। सेना ने कहा है कि आज (सोमवार) उसने अपनी पत्नी से फोन पर बात की है। उसे मोबाइल फोन इस्तेमाल करने की इजाजत है। राजपूत रेजिमेंट सेंटर ने उसकी पत्नी को अस्पताल पहुंचने के लिए कहा है। पत्नी के ठहरने और पति से बातचीत करने के इंतजाम किए गए हैं। सेना उसकी पत्नी को बरेली लाने की हर संभव प्रयास कर रही है।