'मेरा पति अनुशासित नहीं तो BSF ने बंदूक क्यों थमाई'

नई दिल्ली(12 जनवरी): खराब खाने की शिकायत करने वाले बीएसएफ जवान को अनुशासनहीन करार दिए जाने पर उनकी पत्नी ने नाराजगी जाहिर की है। बीएसएफ जवान तेज बहादुर यादव की पत्नी शर्मिला यादव ने कहा, अगर मेरे पति मानसिक तौर पर अस्वस्थ थे या फिर वह अनुशासित नहीं थे तो देश के सबसे संवेदनशील इलाके में सुरक्षा करने के लिए बीएसएफ ने उन्हें बंदूक क्यों थमाई?

- जवान की पत्नी शर्मिला ने कहा, मेरे पति के साथ दिक्कत यह है कि वह किसी भी रूप में अन्याय सहने के आदी नहीं हैं जिसके लिए वह सेवा देने के दौरान कष्ट झेलते रहे हैं।

- शर्मिला ने कहा कि उनके पति को बीएसएफ में प्रवेश से पहले ट्रेनिंग पूरी करने के बाद गोल्ड मेडल से नवाजा गया था। शर्मिला ने यह भी दावा किया कि उनके पति 20 साल के करियर में बीएसएफ अधिकारियों द्वारा वह 14 अवॉर्ड से पुरस्कृत किए जा चुके हैं।

- शर्मिला ने बीएसएफ पर आरोप लगाते हुए कहा कि अतीत में भी कई बार उनके पति को सच बोलने के लिए दंडित किया जा चुका है। उन्होंने कहा, बीएसएफ एक बहुत ही अनुशासित फोर्स मानी जाती है और यहां पर छोटी से छोटी गलती को भी बर्दाश्त नहीं किया जाता। अगर उनका रिकॉर्ड इतना खराब होता तो उन्हें सेना में बनाए क्यों रखा गया?

- उन्होंने बताया कि उनके पति बीएसएफ में 5 साल और अपनी सेवाएं देना चाहते थे लेकिन अधिकारियों ने उन्हें सेवा के 20 साल पूरे होने के बाद 31 जनवरी को स्वैच्छिक तौर पर रिटायरमेंट लेने के लिए दबाव डाला। उनके वीआरएस के आवेदन को अप्रूव भी कर दिया गया है।

- शर्मिला ने बताया, मेरे पति कई बार मुझसे खराब खाने की शिकायत किया करते थे लेकिन जब उन्होंने खराब गुणवत्ता वाले खाने पर वीडियो पोस्ट किया तो मैं हैरान रह गई। मैंने उनसे कहा भी कि वह मुसीबत में पड़ सकते हैं।

- शर्मिला ने कहा कि कई लोग वीडियो की प्रामाणिकता पर सवाल खड़े कर रहे हैं, चूंकि मैं तेज के फेसबुक का पासवर्ड जानती हूं और इसलिए मैंने वीडियो की प्रामाणिकता जांचने के लिए उनके अकाउंट से लॉग-इन किया और पाया कि यह फर्जी पोस्ट नहीं है। यह वीडियो मेरे पति के अकाउंट से ही पोस्ट किया गया है।