दुश्मन होशियार, सुखोई फाइटर जेट से भारत करने जा रहा है ब्रह्मोस मिसाइल का खतरनाक परीक्षण

नई दिल्ली (14 नवंबर): रक्षा के क्षेत्र में भारत लगातार नई इबारत लिखता जा रहा है। इसी कड़ी में भारत पहली बार इसी सप्ताह सुखोई 30MKI से ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल का परीक्षण करने जा रहा है। इसके लिए 40 सुखोई विमान को अपग्रेड किया गया है। 3200 किमी क्रूज रेंज में यह परीक्षण एक घातक कॉम्बिनेशन है।

हवा से जमीन में मार करने वाले ब्रह्मोस मिसाइल का प्रयोग दुश्मन की सीमा में घुसकर आतंकी कैंप पर सटीक निशाने साधने में किया जा सकेगा। इस परीक्षण के बाद यह मिसाइल दुश्मनों के लिए और खतरनाक हो जाएगी।

इस परीक्षण के बाद ब्रह्मोस मिसाइल का प्रयोग सर्जिकल स्ट्राइक जैसे अभियानों में भी किया जा सकेगा। इससे वह दुश्मन की सीमा में अंडरग्राउंड बंकरों पर भी निशाना साध सकेगी। एअरक्राफ्ट करियर को काफी दूर से कमांड और कंट्रोल भी किया जा सकेगा।

आपको बता दें कि ब्रह्मोस मिसाइल की मारक क्षमता 290 किमी और गति 2.8 मैच है। इससे जमीन और समुद्र पर निशाना साधा जा सकता है। भारत ने रूस के साथ मिलकर इसे तैयार किया है। इसे साल 2005 में पहली बार भारतीय सेना में शामिल किया गया था।