BJP-PDP के अलग होने पर बोले शत्रुघ्न सिन्हा, 'ये बेमेल गठबंधन था'

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (19 जून): जम्‍मू-कश्‍मीर में भारतीय जनता पार्टी और पीपुल्‍स डेमोक्रेटिक पार्टी का तीन साल पुराना गठबंधन आखिरकार टूट गया है। भाजपा ने महबूबा मुफ्ती सरकार से अपना समर्थन वापस ले लिया है। भाजपा जम्‍मू-कश्‍मीर प्रभारी राम माधव ने इस बात की जानकारी दी। उन्‍होंने बताया कि हमने सबकी सहमति से आज यह निर्णय लिया है कि जम्मू-कश्मीर में भाजपा अपनी भागीदारी को वापस लेगी।

भाजपा-पीडीपी के अलग होने पर भाजपा सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा है कि ये बेमेल गठबंधन था और ये होना ही था। शत्रु ने कहा कि हालांकि दूसरा पक्ष सुने कुछ कहना मुश्किल है लेकिन क्योंकि भाजपा और पीडीपी अलग विचारधारा के दल हैं इसलिए ये होना था। 

शत्रुघ्न ने कहा कि ये मेल ना होता या पहले ही बिछुड़ जाते तो ज्यादा अच्छा होता। जम्मू कश्मीर में भाजपा और पीडीपी बीते साढ़े तीन साल से साथ में सरकार में थे।शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा कि मैं इस हार्ड कोर पॉलिटिशियन नहीं हूं इसलिए इस मुद्दें पर ज्यादा नहीं बोल सकता हूं।

वहीं सीएम पद से इस्तीफा देने के बाद पीडीपी नेता महबूबा मुफ्ती ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपनी बात रखी। महबूबा मुफ्ती ने कहा कि मुफ्ती साहब ने बड़े विजन के लिए बीजेपी के साथ गठबंधन किया था। उन्होंने कहा, 'मैं बीजेपी के इस फैसले से अचंभित नहीं हूं। हमने पावर के लिए गठबंधन नहीं किया था। इस गठबंधन के कई बड़े मकसद थे। सीजफायर, पीएम का पाकिस्तान दौरा, 11 हजार युवाओं के खिलाफ केस वापस हुए।' इस दौरान मुफ्ती ने बताया कि उन्होंने राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंप दिया है और उन्हें बताया है कि हम किसी गठबंधन की तरफ नहीं बढ़ रहे हैं।

मुफ्ती ने कहा कि दोनों पार्टियों को एकसाथ काम करने के लिए माहौल बनाने में काफी समय लगा। इस गठबंधन को बड़े मकसद के साथ किया गया था। पीएम को देश भर में भारी समर्थन मिला था, ऐसे में यह जम्मू-कश्मीर के लोगों के लिए भी फायदेमंद हो सकता था। उन्होंने कहा, 'एक बात तो साफ है कि जम्मू-कश्मीर में सख्ती की नीति नहीं चल सकती है। यह समझना होगा कि जम्मू-कश्मीर दुश्मनों का क्षेत्र नहीं है। हमने जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को साथ रखने की कोशिश की।